खरगोन। ब्रह्मांड के दिव्य वास्तुकार भगवान विश्वकर्मा का जन्मोत्सव शनिवार को विश्वकर्मा समाजजनों द्वारा हर्षाेल्लास के साथ उत्सव के रूप में मनाया गया। गुजराती लोहार समाज द्वारा औरंगपुरा स्थित विश्वकर्मा मंदिर में विविध धार्मिक आयोजन किए गए। इस अवसर पर मंदिर में स्थापित भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा का अलौकिक श्रृंगार किया गया।
सुबह विशेष पूजन-अर्चन एवं श्रृंगार के पश्चात भव्य शोभायात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए। दोपहर करीब 12 बजे सुसज्जित बग्घी में भगवान विश्वकर्मा का चित्र स्थापित कर जयकारों के साथ शोभायात्रा की शुरुआत हुई।
समाज अध्यक्ष संजय कर्मा एवं जितेंद्र कर्मा ने बताया कि समाज के इष्ट देव भगवान विश्वकर्मा के जन्मोत्सव को लेकर समाज में विशेष उत्साह देखने को मिला। बड़ी संख्या में समाजजन मंदिर पहुंचे और दर्शन उपरांत शोभायात्रा में शामिल हुए।
शोभायात्रा में ढोल-ताशों की गूंज और भक्ति गीतों के साथ महिला-पुरुष श्रद्धालु उत्साहपूर्वक नृत्य करते हुए जयकारे लगाते चल रहे थे। शोभायात्रा जुलवानिया रोड, नवग्रह मंदिर तिराहा, डायवर्सन रोड, राधावल्लभ, सराफा, कालिका माता मंदिर मार्ग, लिंक रोड, पुराना पुल होते हुए पुनः मंदिर परिसर पहुंची।
शोभायात्रा के समापन पर महाआरती की गई तथा समाजजनों के लिए भंडारा प्रसादी का आयोजन हुआ। मार्ग में जगह-जगह स्वागत मंच लगाए गए, जहां श्रद्धालुओं द्वारा पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया गया।