चित्तौड़गढ़। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय गादोला में विद्यार्थियों को सुरक्षित, अनुशासित एवं सकारात्मक वातावरण प्रदान करने के उद्देश्य से “अवांछित गतिविधियों की रोकथाम” विषय पर एक दिवसीय जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पुलिस थाना कोतवाली निम्बाहेड़ा के थाना अधिकारी राम सुमेर मीणा के निर्देशन में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्था प्रधान वीणा शर्मा ने की। प्रारंभ में व्याख्याता निर्मल कुमार द्वारा अतिथियों का स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। शिविर का आयोजन विद्यालय प्रशासन और पुलिस विभाग के संयुक्त सहयोग से किया गया।
अनुशासन से ही संवरता है भविष्य — ASI सूरज कुमार
मुख्य अतिथि एवं मुख्य वक्ता सहायक उप निरीक्षक (ASI) सूरज कुमार ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि नशाखोरी, धूम्रपान और अनुशासनहीनता जैसी आदतें विद्यार्थियों के भविष्य को अंधकारमय बना देती हैं तथा विद्यालय की गरिमा को भी नुकसान पहुंचाती हैं। उन्होंने मोबाइल फोन के संतुलित उपयोग, साइबर अपराधों से बचाव और सोशल मीडिया के सुरक्षित इस्तेमाल की जानकारी भी दी।
कालिका टीम ने दी सुरक्षा और आत्मरक्षा की जानकारी-
शिविर में उपस्थित कालिका टीम की महिला कांस्टेबल स्नेह लता ने छात्राओं को महिला सुरक्षा, आत्मरक्षा और किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में तुरंत पुलिस अथवा विद्यालय प्रशासन को सूचित करने के लिए प्रेरित किया। कांस्टेबल वीरेंद्र एवं विकास ने भी कानून व्यवस्था और जिम्मेदार नागरिक बनने पर अपने विचार साझा किए।
कुशल मंच संचालन-
कार्यक्रम का प्रभावी मंच संचालन अध्यापक केसर खां पठान द्वारा किया गया। उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन, नैतिक मूल्यों और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया।
जागरूकता के प्रमुख विषय
शिविर के दौरान विद्यार्थियों को निम्न विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई-
-नशाखोरी एवं धूम्रपान के दुष्परिणाम
- साइबर अपराध एवं सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग
- नैतिक मूल्य और जिम्मेदार नागरिकता
- महिला सुरक्षा एवं कालिका टीम की भूमिका
विद्यालय स्टाफ ने विद्यार्थियों से अपील की कि वे विद्यालय परिसर या आसपास किसी भी संदिग्ध अथवा असामाजिक गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस थाना निम्बाहेड़ा या विद्यालय प्रशासन को दें। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में अनुशासन, सुरक्षा और सकारात्मक सोच का विकास करना रहा।