नीमच। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में उपार्जन केंद्रों के नोडल अधिकारियों एवं संबंधित विभागों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला पंचायत सीईओ अमन वैष्णव सहित सभी एसडीएम उपस्थित रहे।
केंद्रवार खरीदी और परिवहन की समीक्षा-
बैठक में कलेक्टर ने केंद्रवार खरीदी, उपार्जित गेहूं, परिवहन की स्थिति, शेष गेहूं की मात्रा तथा किसानों को भुगतान की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि सभी उपार्जन केंद्रों पर शेष उपज का तत्काल परिवहन सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए वाहनों की संख्या बढ़ाई जाए तथा आवश्यकता अनुसार छोटे वाहन और ट्रकों का उपयोग किया जाए।
6 मई तक शत-प्रतिशत परिवहन अनिवार्य-
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि 6 मई 2026 तक सभी केंद्रों से शेष गेहूं का शत-प्रतिशत परिवहन पूरा किया जाए। अधिकतम तीन दिनों के भीतर उपज को वेयरहाउस में भंडारित किया जाना सुनिश्चित किया जाए। कलेक्टर ने सभी उपार्जन केंद्रों पर हम्मालों की संख्या तत्काल बढ़ाने के निर्देश दिए। एसडीएम को मण्डियों से अतिरिक्त हम्मालों की व्यवस्था कर खरीदी केंद्रों पर उपलब्ध कराने के लिए कहा गया।
हर केंद्र पर 6 तौल कांटे अनिवार्य-
उपज की तौल में सुगमता के लिए सभी उपार्जन केंद्रों पर कम से कम छह तौल कांटे अनिवार्य रूप से लगाने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने नोडल अधिकारियों और प्रभारियों को निर्देशित किया कि वे नियमित रूप से केंद्रों का भ्रमण करें और यह सुनिश्चित करें कि उपार्जन कार्य में कोई समस्या न रहे। कलेक्टर चंद्रा ने कहा कि किसानों के भुगतान एवं उपज के परिवहन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।