नीमच। मनासा स्थित द्वितीय अपर सत्र न्यायालय ने अपनी ही माँ की हत्या करने वाले आरोपी बेटे को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश आशुतोष यादव ने आरोपी कैलाश सेन को धारा 302 भारतीय दंड संहिता के तहत दोषी पाते हुए आजीवन कारावास एवं एक हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया।
अभियोजन मीडिया सेल प्रभारी रितेश कुमार सोमपुरा ने बताया कि यह घटना 23 फरवरी 2021 की रात करीब 11 बजे ग्राम चपलाना की है। आरोपी कैलाश ने अपनी माँ सोहनबाई के सिर और कनपटी पर स्टील के कड़े से हमला किया था, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आई थीं। घायल अवस्था में पहले उन्हें मनासा अस्पताल ले जाया गया, बाद में उदयपुर रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
जांच में सामने आया कि आरोपी बदमाश प्रवृत्ति का था और शराब पीकर परिवार व ग्रामीणों से अक्सर विवाद करता था। उसकी हरकतों से परेशान होकर परिवार के अधिकांश सदस्य गांव छोड़कर अन्यत्र रहने चले गए थे। घटना के समय मृतिका सोहनबाई ही आरोपी के साथ गांव में रह रही थीं।
मामले की विवेचना निरीक्षक के. एल. दांगी द्वारा की गई। जांच के दौरान हत्या में इस्तेमाल किया गया स्टील का कड़ा भी जब्त किया गया तथा वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्य एकत्र कर न्यायालय में पेश किए गए।
प्रकरण की सुनवाई के दौरान शासन की ओर से पैरवी अपर लोक अभियोजक गुलाबसिंह चंद्रावत ने की। उन्होंने महत्वपूर्ण गवाहों और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी का अपराध संदेह से परे प्रमाणित किया। इसके बाद न्यायालय ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।