गरोठ। द्वितीय अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, गरोठ पूंजिया बारिया ने हत्या के एक चर्चित प्रकरण में आरोपी रामनिवास को दोषमुक्त करार देते हुए उसके विरुद्ध लगाए गए आरोपों से बरी कर दिया है। न्यायालय ने साक्ष्यों एवं दोनों पक्षों की दलीलों का परीक्षण करने के उपरांत यह निर्णय पारित किया।
अभियोजन के अनुसार 29 मई 2025 को गांधीसागर जलाशय के समीप एक अज्ञात महिला का शव मिलने पर थाना गरोठ में प्रारंभिक रूप से मर्ग कायम किया गया था। विवेचना के दौरान मृतका की पहचान होने के बाद आरोपी रामनिवास के विरुद्ध हत्या सहित अन्य संबंधित धाराओं में अपराध पंजीबद्ध कर चालान न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
विचारण के दौरान आरोपी की ओर से अधिवक्ता आजम खान एवं अधिवक्ता अरबाज खान ने संयुक्त रूप से पैरवी करते हुए अभियोजन द्वारा प्रस्तुत परिस्थितिजन्य एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों, विवेचना की प्रक्रिया तथा अन्य अभिलेखीय साक्ष्यों पर विस्तृत बहस की। बचाव पक्ष ने न्यायालय के समक्ष तर्क रखा कि अभियोजन पक्ष आरोपी के विरुद्ध आरोपों को संदेह से परे सिद्ध करने में असफल रहा है।
माननीय न्यायालय ने अभियोजन एवं बचाव पक्ष की दलीलों तथा अभिलेख पर उपलब्ध समस्त साक्ष्यों का परीक्षण करने के बाद 28 जुलाई 2026 को आरोपी रामनिवास को दोषमुक्त करने का निर्णय पारित किया।