रतलाम। भीषण गर्मी के इस दौर में जहां तापमान 42 डिग्री के पार पहुंच चुका है, वहीं बिजली विभाग की कार्यप्रणाली आम जनता के लिए मुसीबत बनती जा रही है। शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में घंटों बिजली कटौती से लोग बेहाल हैं। नागरिकों का आरोप है कि विभाग मेंटेनेंस, लोड सेटिंग और ऊपर से आदेश आने जैसे बहाने बनाकर बार-बार बिजली बंद कर रहा है, जबकि मौसम पूरी तरह साफ है।
लोगों का कहना है कि जब न आंधी है, न बारिश और न ही तेज हवा, तो आखिर किस कारण से बार-बार बिजली गुल की जा रही है? गर्मी से परेशान बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। घरों में कूलर-पंखे बंद होने से हालात बदतर होते जा रहे हैं।
स्थानीय नागरिकों ने आरोप लगाया कि जब संबंधित अधिकारियों से इस विषय में बात करने की कोशिश की गई तो किसी ने भी स्पष्ट जवाब नहीं दिया। एक अधिकारी द्वारा तो यहां तक कह दिया गया कि “आप लोगों की सरकार है, हम क्या करें?” इस तरह के गैरजिम्मेदाराना रवैये ने लोगों के गुस्से को और भड़का दिया है।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि बिजली विभाग आम आदमी की परेशानी को समझने के बजाय अपनी मनमानी में लगा हुआ है। मेंटेनेंस के नाम पर घंटों बिजली बंद रखना अब लोगों को परेशान करने का जरिया बन चुका है।
जनता ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ और अनावश्यक बिजली कटौती बंद नहीं की गई, तो आने वाले समय में विद्युत विभाग के खिलाफ उग्र आंदोलन और धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। लोगों ने प्रशासन से भी मांग की है कि तत्काल हस्तक्षेप कर आम जनता को राहत दिलाई जाए।