नीमच। आगामी त्योहारों के मद्देनजर जिले में कानून व्यवस्था एवं साम्प्रदायिक सौहार्द बनाए रखने हेतु कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी हिमांशु चंद्रा की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में राजस्व एवं पुलिस अधिकारियों की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास ने भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कलेक्टर चंद्रा ने बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी कार्यपालिक मजिस्ट्रेट एवं पुलिस अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों का संयुक्त रूप से नियमित भ्रमण करें तथा फील्ड में सक्रिय रहकर निगरानी सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में ड्रोन के माध्यम से निगरानी व्यवस्था अनिवार्य रूप से की जाए, ताकि किसी भी स्थिति पर त्वरित नियंत्रण रखा जा सके।
त्योहारों के दौरान जुलूसों की अनुमति केवल निर्धारित मार्गों एवं परंपरागत व्यवस्था के अनुसार ही दी जाए तथा आयोजकों से नामजद स्वयंसेवकों की सूची अनिवार्य रूप से प्राप्त की जाए।
कलेक्टर ने शांति समितियों के पुनर्गठन के निर्देश देते हुए कहा कि इनमें समाज के प्रबुद्ध एवं प्रभावशाली नागरिकों को शामिल किया जाए, ताकि आपसी समन्वय और बेहतर संवाद स्थापित हो सके।
उन्होंने फायर सेफ्टी व्यवस्था पर विशेष जोर देते हुए कहा कि सभी फायर वाहन पूरी तरह क्रियाशील रहें तथा आपात स्थिति में न्यूनतम समय में मौके पर पहुंचना सुनिश्चित किया जाए। एसडीएम एवं एसडीओपी को निर्देशित किया गया कि वे सार्वजनिक स्थलों का संयुक्त निरीक्षण कर फायर सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराएं।
साथ ही सभी कार्यपालिक मजिस्ट्रेट के वाहनों में पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
एसपी राजेश व्यास ने कहा कि थाना एवं उपखंड स्तर पर शांति समिति की बैठकें नियमित रूप से आयोजित की जाएं तथा त्योहारों के दौरान आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने सूचना तंत्र को मजबूत करने एवं सभी प्रमुख रूटों का नियमित निरीक्षण करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में एडीएम बी.एस. कलेश, एसडीएम संजीव साहू, प्रीति संघवी, किरण आंजना, सीएसपी किरण चौहान सहित जिले के सभी तहसीलदार एवं थाना प्रभारी उपस्थित रहे।