भोपाल। वक्फ बोर्ड के विरोध में भारतीय गण वार्ता पार्टी (भगवा पार्टी) ने शुक्रवार को राजधानी में जोरदार प्रदर्शन किया। ‘वक्फ बोर्ड भारत छोड़ो’ अभियान के तहत आयोजित इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। बोर्ड ऑफिस चौराहे से डीबी मॉल तक रैली निकाली गई। इस दौरान वक्फ बोर्ड की सांकेतिक अर्थी निकालकर पुतला दहन किया गया और जमकर नारेबाजी हुई।
‘संविधान के खिलाफ है वक्फ बोर्ड’
प्रदर्शन के दौरान पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवाकांत शुक्ला ने वक्फ बोर्ड को संविधान की मूल भावना के खिलाफ बताया। उन्होंने कहा कि देश में एक ही संविधान होना चाहिए, जो सभी नागरिकों पर समान रूप से लागू हो। उनके मुताबिक, वक्फ बोर्ड जैसी व्यवस्थाएं समानता के सिद्धांत को प्रभावित करती हैं।
शुक्ला ने आरोप लगाया कि वक्फ बोर्ड को आपातकाल के दौर में स्थापित किया गया था और अब इसकी प्रासंगिकता खत्म हो चुकी है। उन्होंने राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से इसे तत्काल समाप्त करने की मांग करते हुए कहा कि देशहित में ऐसे कानूनों की समीक्षा जरूरी है।
नई पीढ़ी में खड़ा न हो जाए दूसरा पाकिस्तान
शुक्ला ने कई बार पाकिस्तान का जिक्र किया। उन्होंने आशंका जताई कि यदि वक्फ बोर्ड जैसी व्यवस्थाएं जारी रहीं तो भविष्य में देश के भीतर विभाजनकारी स्थिति पैदा हो सकती है। उन्होंने कहा कि कहीं ऐसा न हो कि आने वाली पीढ़ियों में “एक नए पाकिस्तान” की स्थिति बन जाए।
‘वक्फ संपत्तियों को लेकर उठाए सवाल, पाकिस्तान से तुलना
शुक्ला ने दावा किया कि देश में वक्फ बोर्ड की संपत्तियां काफी बढ़ गई हैं और इसकी तुलना पाकिस्तान से करते हुए कहा कि इस पर पारदर्शिता जरूरी है। उन्होंने सवाल उठाया कि इन संपत्तियों का उपयोग किस प्रकार हो रहा है और क्या इससे आम जनता को कोई लाभ मिल रहा है।
बीजेपी पर भी साधा निशाना
इस दौरान उन्होंने बीजेपी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी अपनी मूल विचारधारा से भटक गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि कथनी और करनी में अंतर दिख रहा है और इस मुद्दे पर स्पष्ट रुख सामने नहीं आ रहा।
कार्यकर्ताओं ने लगाए नारे, जनभागीदारी की अपील
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने ‘वक्फ बोर्ड भारत छोड़ो’ सहित कई नारे लगाए। पार्टी ने इसे राष्ट्रव्यापी आंदोलन बताते हुए आम लोगों से भी इसमें शामिल होने की अपील की। कार्यक्रम में संगठन के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।