गरोठ। भानपुरा क्षेत्र के ग्राम संधारा में वर्ष 2023 में मृतकों के परिजनों को रोगी कल्याण समिति गरोठ द्वारा प्रदान की गई 10 लाख रुपये की मुआवजा राशि का समायोजन तीन वर्ष बाद भी नहीं हो पाया है। इस मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, रोगी कल्याण समिति गरोठ की ऑडिट रिपोर्ट भी अब तक स्पष्ट नहीं हो सकी है। समिति से जुड़े वित्तीय मामलों को लेकर लंबे समय से चर्चा बनी हुई है। वहीं संबंधित लेखापाल पर लाखों रुपये की वित्तीय अनियमितताओं के आरोप भी लगाए जा चुके हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि मामले में अब तक स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है। आरोप है कि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) स्तर पर भी अब तक कोई सख्त रुख नहीं अपनाया गया, जिसके कारण ऑडिट प्रक्रिया और वित्तीय स्थिति को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। हालांकि, आरोपों एवं वित्तीय अनियमितताओं संबंधी दावों की आधिकारिक पुष्टि होना अभी शेष है।