धार। जिला मुख्यालय से करीब 8 से 10 किलोमीटर दूर ग्राम तिरला स्थित रणथंभौर गणेश मंदिर एवं सदगुरुदेव महाराज, गणेश उत्सव के दौरान आस्था का प्रमुख केंद्र बन जाता है। गणेश उत्सव के दस दिनों में यहां प्रतिदिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। धार जिले के साथ ही आसपास के जिले,प्रदेश के साथ देश के विभिन्न क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में भक्त यहां पहुंचकर दर्शन एवं धार्मिक आयोजनों का लाभ लेते हैं।
गणेश उत्सव के दौरान सुबह से देर रात तक मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रहती है। विशेष रूप से पूर्णाहुति के दिन बड़ी संख्या में भक्त यहां पहुंचते हैं और सदगुरुदेव महाराज के दर्शन कर आशीर्वाद लेते हैं।
तिरला धाम की खास बात यहाँ आयोजित होने वाला निशुल्क भंडारा है। गणेश उत्सव के पूरे दस दिनों तक 24 घंटे भंडारे की व्यवस्था रहती है, जिसमें आने वाले श्रद्धालुओं को निशुल्क भोजन कराया जाता है। यहां किसी प्रकार का चढ़ावा लेने की व्यवस्था नहीं होने की बात भी श्रद्धालुओं द्वारा विशेष रूप से बताई जाती है।
गणेश उत्सव के दसों दिनों में धार्मिक आयोजन नियमित रूप से होते हैं। प्रतिदिन सुबह 5 बजे भगवान का अभिषेक किया जाता है। दिन 12 बजे भव्य महाआरती होती है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होकर आरती का लाभ लेते हैं। इसके अलावा रात 8 बजे संध्याकालीन महाआरती का आयोजन किया जाता है।
गणेश उत्सव के दौरान तिरला धाम में भक्ति और आस्था का माहौल बना रहता है। हजारों श्रद्धालु यहां पहुंचकर रणथंभौर गणेश जी एवं सदगुरु महाराज के दर्शन करते हैं और धार्मिक आयोजनों में शामिल होकर पुण्य लाभ लेते हैं।