नीमच। विद्यार्थियों में तार्किक चिंतन, एकाग्रता, निर्णय क्षमता और रणनीतिक सोच विकसित करने के उद्देश्य से कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा के मार्गदर्शन में जिले के पांच शासकीय विद्यालयों में शतरंज क्लब संचालित किए जा रहे हैं। सितंबर 2026 से शुरू हुई इस पहल के माध्यम से विद्यार्थियों को शतरंज जैसे बौद्धिक खेल से जोड़कर उनकी मानसिक क्षमता, समस्या समाधान कौशल और निर्णय लेने की क्षमता को विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है।
इस पहल के अंतर्गत जिले के पांच शासकीय विद्यालयों में शतरंज क्लब शुरू किए गए हैं। इनमें शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जावी, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अठाना, शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नीमच, शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मनासा तथा शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कुकड़ेश्वर शामिल हैं।
इन विद्यालयों में विद्यार्थी नियमित रूप से शतरंज का अभ्यास कर रहे हैं। उन्हें खेल की बारीकियों, विभिन्न रणनीतियों और बेहतर निर्णय लेने के तरीकों से परिचित कराया जा रहा है। साथ ही, क्लबों के माध्यम से विद्यार्थियों को विभिन्न शतरंज प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।
इस पहल के तहत चयनित पांचों विद्यालयों को शतरंज बोर्ड और शतरंज क्लॉक उपलब्ध कराए गए हैं, ताकि विद्यार्थियों को अभ्यास के लिए आवश्यक संसाधन मिल सकें।
शतरंज के नियमित अभ्यास के माध्यम से विद्यार्थियों में एकाग्रता, धैर्य, तार्किक विश्लेषण, दूरदर्शिता और परिस्थितियों के अनुरूप निर्णय लेने की क्षमता विकसित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। जिला प्रशासन की यह पहल विद्यार्थियों के शैक्षणिक विकास के साथ-साथ उनके बौद्धिक और व्यक्तित्व विकास को भी प्रोत्साहित कर रही है।