चित्तौड़गढ़। रविवार 15 जनवरी को चित्तौड़गढ़ दुर्ग पर इतिहास एक बार फिर जीवंत होगा जब 25 वर्ष पूर्व चित्तौड़गढ़ के रावतभाटा के बाडोली मंदिर से चोरी हुई बेशकीमती नटराज की मूर्ति को केंद्रीय संस्कृति एवं संसदीय कार्य राज्य मंत्री अर्जुन राम मेघवाल चित्तौड़गढ़ पुरातत्व विभाग को सुपुर्द करेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विशेष प्रयासों से ये ऐतिहासिक मूर्ति लंदन के म्यूजियम से वर्ष 2020 में देश में वापस लाई गई थी जिसे सांसद सी पी जोशी के आग्रह पर कानूनी ओपचारिकता पूरी कर चित्तौड़गढ़ लाया जा रहा है।
सांसद सी पी जोशी ने शनिवार को कुम्भा महल में कार्यक्रम स्थल एवं जौहर स्थल का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए तैयारियों को अंतिम रूप दिया।
भाजपा जिला मीडिया प्रभारी सुधीर जैन ने बताया कि निरीक्षण के दौरान पूर्व जिला उपप्रमुख मिट्ठू लाल जाट ,पूर्व सभापति सुशील शर्मा, पूर्व भाजयुमो जिलाध्यक्ष हर्षवर्धन सिंह रूद, जिला उपाध्यक्ष रघु शर्मा, श्रवण सिंह राव,जिला मीडिया प्रभारी सुधीर जैन, जिला सह मीडिया प्रभारी मनोज पारीक, जिला आईटी संयोजक राजन माली, पूर्व पार्षद रजनीश भट्ट,भाजयुमो जिलाध्यक्ष सुरेश गाडरी, पंडित अरविंद भट्ट ,पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष जितेंद्र शर्मा, भाजयुमो पदाधिकारी अर्जुन जोनवाल,पवन बैरागी आदि उपस्थित रहे।
रविवार को सर्वप्रथम केंद्रीय संस्कृति एवम संसदीय कार्य राज्यमंत्री अर्जुनराम मेघवाल द्वारा जौहर स्थल पर जौहर का इतिहास और गाथा बताने वाले शिलालेख का लोकार्पण किया जाएगा।
तत्पश्चात सांय 4.30 बजे कुम्भा महल प्रांगण में केंद्रीय संस्कृति एवं संसदीय कार्य राज्य मंत्री अर्जुनराम मेघवाल और सांसद सी पी जोशी नटराज मुद्रा में बहुमूल्य और दुर्लभ प्रतिमा चित्तौड़गढ़ पुरातत्व विभाग को सुपुर्द करेंगे। जहां महामंडलेश्वर उत्तम स्वामी महाराज,कालिका माता मंदिर महंत रामनारायण पुरी, हजारेश्वर महादेव मंदिर पीठ महंत चंद्रभारती महाराज,नीलकंठ महादेव मंदिर महंत जगन्नाथ भारती,महंत रूप गिरि के पावन सानिध्य में मूर्ति की महाआरती की जाएगी। इस गौरवमयी क्षण के साक्षी चित्तौड़गढ़ के गणमान्य नागरिक भी रहेंगे।