कटनी। स्वस्थ्य सेवाओं में लापरवाही बरतने पर दो चिकित्सा अधिकारी सहित 10 स्वास्थ्य कर्मचारियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। कलेक्टर अवि प्रसाद कि हिदायत के बावजूद स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी संस्थागत प्रसव कराने की बजाय, बेवजह प्रसूतिकाओं को रेफर कर रही हैं। गर्भवती महिलाओं के लिए निर्धारित की गई जांच भी नहीं कराई जा रही है।
कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग के समीक्षा के दौरान लापरवाही सामने आने पर सीएमएचओ को लापरवाह अधिकारी-कर्मचारियों को नोटिस देने के निर्देश दिए थे। इसके बाद सीएमएचओ ने नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। दो दिन पहले जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र और उपस्वास्थ केन्द्र में पदस्थ दो चिकित्सा अधिकारी, दो नर्सिंग आफिसर सहित तीन सीएचओ सहित तीन एएनएम ने गर्भवती महिला को प्रसव के लिए जिला अस्पताल रेफर किया। जबकि रेफर करना मानकों के आधार पर सही नहीं पाया गया। गर्भवती महिलाओं की एएनसी के दौरान नियमानुसार जांचें भी नहीं कराई गई। जिस पर कलेक्टर नाराजगी व्यक्त की है।
कलेक्टर के निर्देश के बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने 12 स्वास्थ्य कर्मियों को नोटिस जारी कर दो दिनों के भीतर जवाब तलब किया है। जिन स्वास्थ्य कर्मचारियों को नोटिस जारी किया है उनमें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रीठी चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रमोद नाहर, नर्सिंग आफिसर चेतना तुरकर, विनीता पटेल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बरही चिकित्सा अधिकारी डॉ. भारती सिंह, उपस्वास्थ्य केंद्र चरी ब्लॉक विजयराघवगढ़ की एएनएम नीलू सूर्यवंशी, सीएचओ ताराचंद पालीवाल, उप स्वास्थ्य केंद्र धूरी ब्लॉक बहोरीबंद की एएनएम आराधना पटेल, सीएचओ रीता तिवारी, उप स्वास्थ्य केंद्र इमलिया ब्लॉक बहोरीबंद की एएनएम राजुल जैन, सीएचओ प्रियंका दुबे का नाम शामिल है।