मुरैना। अंबाह शासकीय सिविल अस्पताल का हाल बेहाल है। यहां बुनियादी सुविधाओं का घोर अभाव है। इलाज के लिए आने वाले मरीज को परेशानी का सामना करना पड़ता है। उनको ओपीडी में अपनी बारी का इंतजार करने के लिए घंटों लाइन में खड़े रहना पड़ता है।
वहीं सिविल अस्पताल कहने को तो मरीजों के इलाज के लिए बना है, पर इन दिनों मरीजों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। अस्पताल में मरीजों को पलंग पर चादर तक नसीब नहीं हो रही है जबकि बिना चादर के मरीज को रखने के बाद इन्फेक्शन का खतरा ज्यादा रहता है।
अस्पताल में भर्ती भाजपा पिछड़ा वर्ग के नेता व वार्ड 18 के पार्षद बहादुर प्रजापति को भी ऐसी अव्यवस्था के बीच गुजरना पड़ा बहादुर के साथ-साथ वार्ड में मौजूद अन्य मरीज भी बिना चद्दर के पलंग पर लेटे हुए थे यानी अक्सर अस्पताल में भर्ती मरीजों को बिना चादर के बेड पर सोना पड़ता है।
बहादुर प्रजापति के बीमार होने की जानकारी पाकर अस्पताल पहुंचे अन्य पार्षदों ने अस्पताल प्रबंधन से जब बेड पर चादर ना होने की बात कही तो मौके पर मौजूद स्टाफ ने बताया कि कोई भी चादर धुली हुई नहीं है इसलिए हम चादर उपलब्ध नहीं करा सकते। जिसके बाद पार्षद ने अपने घर से चादर मंगाई इसके साथ ही अस्पताल में लाइट जाने पर इन्वर्टर को चालू भी नहीं किया गया।