चित्तौड़गढ़। मेवाड़ के प्रसिद्ध श्री शेषावतार कल्लाजी वेदपीठ के एकोन विंशति कल्याण महाकुंभ के जनजागरण के लिए कल्याण नगरी के राजाधिराज ठाकुर श्री कल्लाजी की ओर से नगर निमंत्रण का अनूठा प्रयास किया गया। जिसके तहत वीर वीरांगनाओं, शक्ति ग्रुप की बालिकाओं एवं कृष्णा शक्ति दल की माता-बहनों द्वारा ठाकुर जी की ओर से न केवल कल्याण नगरी वरन आसपास के 15 गांवों में घर-घर जाकर पुष्प अक्षत एवं सुपारी भेंटकर सभी को भाव भरा आमंत्रण देते हुए महाकुंभ में पूरी श्रद्धा एवं उत्साह के साथ भाग लेने तथा 22 से 29 जून तक आयोजित कल्याण महाकुंभ को राष्ट्रीय मानचित्र पर अनूठी छाप छोड़ने के लिए सभी सक्रिय एवं श्रद्धा पूर्वक भागीदारी का अनुनय आग्रह किया गया। इस दौरान नगरवासी एवं कल्याण भक्त भी निमंत्रण सामग्री को मस्तक पर चढ़ाकर महाकुंभ को द्विगुणित करने का विश्वास दिलाते नजर आए। लगभग 12 घण्टे तक भक्तों की टोली ने अनवरत प्रयास करते हुए हर घर पहुंचते हुए महाकुंभ का आमंत्रण देकर स्वयं को भी धन्य किया।
6 हजार घरों तक पहुंचे द्वादश अक्षरयुक्त मंत्र के स्टीकर
इस वर्ष कल्याण महाकुंभ के अवसर पर नारदीय महापुराण कथा के साथ ही 51 कुण्डीय विष्णु महायज्ञ का भव्य आयोजन किया जा रहा हैं। जिसके तहत वेदपीठ से जुड़े वीर-वीरांगनाओं एवं शक्ति ग्रुप की बालिकाओं ने वेदपीठ की ओर से तैयार किए गए द्वादश अक्षरयुक्त ओम नमो भागवते वासुदेवाय के स्टीकर 6 हजार घरों के बाहर स्थापित किए गए। जिन्हें देखकर कई गृह स्वामी भी अपने रिश्तेदारों और मित्रों के यहां इसी मंत्र को स्थापित करने के लिए स्टीकर मांगते देखे गए। वेदपीठ के पदाधिकारियों ने बताया कि कल्याण महाकुंभ की तैयारियां व्यापक स्तर पर की जा रही हैं। वहीं विष्णु महायज्ञ में भागीदारी के लिए अब तक 775 यजमानों का पंजीयन किया जा चुका हैं।
ठाकुर जी को धराया खाटूश्याम का स्वरूप
वेदपीठ पर विराजित जन-जन के आराध्य ठाकुर श्री कल्लाजी को सोमवार को खाटूश्याम का स्वरूप धराया गया। जिनकी अनूठी झांकी देखकर भक्त भी आनंदित होते नजर आए। हर कोई अपने आराध्य की इस अनूठी छवि को देखकर स्वयं को धन्य महसूस कर रहा था।