रीवा। कलेक्ट्रेट में कलेक्टर के चेंबर के सामने एक युवती ने सुसाइड की कोशिश की। उसने खुद पर पेट्रोल डाला और माचिस की तीली से आग लगाने की कोशिश की। कलेक्ट्रेट चेंबर में बैठे अधिकारी उठकर बाहर की ओर भागे। पुलिस ने उससे माचिस छीनी।
युवती अफसरों के सामने फूट-फूटकर रो पड़ी। वहां मौजूद अधिकारियों ने उसके आंसू पोंछे। अपर कलेक्टर सपना ने पीड़िता को आश्वासन देकर चुप कराया। युवती का आरोप है कि रिटायर्ड प्राचार्य ने उसके साथ दुष्कर्म की कोशिश की। जब वह थाने में शिकायत कराने पहुंची तो पुलिस ने डांटकर भगा दिया था।
युवती बोली- पूर्व प्राचार्य ने नौकरी दिलाने का झांसा
पीड़िता ने बताया कि मैं एक संस्थान में काम करती थी। जहां तथाकथित आरोपी रिटायर्ड प्राचार्य सत्यनारायण पांडे अक्सर आया जाया करता था। वह बातचीत के दौरान अच्छी नौकरी दिलाने की बात किया करता था। शुक्रवार की सुबह मैं अच्छी नौकरी पाने की लालच में उसके घर गई थी। जहां उसने बेटी-बेटी कहकर उसे अपने पास बुलाया। इसके बाद मुझे दबोच लिया।
दौड़कर किराने की दुकान में पहुंचीश्
युवती ने बताया कि श्उसके दबोचने के बाद मैं चीखती रही, चिल्लाती रही, लेकिन उसने मेरी एक नहीं सुनी। वो मुझे जान से मारने की धमकी देने लगा। मैं किसी तरह उसके चंगुल से छूट कर बाहर भागी। दौड़कर एक किराने की दुकान में पहुंची। वहां पहुंचकर मौजूद लोगों को आपबीती सुनाई।श्
पुलिसकर्मियों ने नहीं सुनी शिकायत
युवती ने बताया कि जब मैं शिकायत लेकर थाने पहुंची, लेकिन वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने थाने से भगा दिया। जिला कलेक्टर प्रतिभा पाल ने पीड़िता को सांत्वना देते हुए जांच के बाद तथ्यों के आधार पर केस दर्ज करने के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने कहा- कार्रवाई के साथ काउंसलिंग करवाएंगे
कलेक्टर प्रतिभा पाल ने बताया कि एक आवेदिका आई थी, उसने थाने को अप्रोच किया होगा, संबंधित थाने से कार्रवाई न होने की शिकायत लेकर आई थी। तत्काल महिला थाने की टीम बुलाई गई। उसकी समस्या सुनने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही युवती की मानसिक काउंसलिंग के निर्देश भी दिए गए हैं।