नीमच। बुधवार रात हुई तेज बारिश ने जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी। बारिश का पानी अस्पताल परिसर में भर गया, जिससे मेटरनिटी वार्ड तक पानी घुस गया। इससे डिलीवरी के लिए आई महिलाओं और उनके परिजनों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा।
बरामदे से लेकर चैनल गेट और एनआरसी केंद्र की रैंप के रास्ते बारिश का पानी मेटरनिटी वार्ड में घुस गया। अस्पताल कर्मचारी हालात को संभालने के लिए इधर-उधर भागते नजर आए। पानी धीरे-धीरे बाहर निकला तब जाकर राहत की स्थिति बनी।
अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही उजागर-
बारिश से निपटने के लिए कोई ठोस इंतजाम नहीं किए गए थे। यदि बारिश और तेज होती या अधिक समय तक चलती, तो प्रसूताओं और नवजात शिशुओं की स्थिति गंभीर हो सकती थी। विशेषज्ञों ने चेताया है कि यदि समय रहते सुधार नहीं हुआ तो आने वाले मानसून में स्थिति और भी चिंताजनक हो सकती है।
सिविल सर्जन ने किया निरीक्षण-
मामले की जानकारी मिलते ही सिविल सर्जन डॉ. महेंद्र पाटिल मौके पर पहुंचे और मेटरनिटी वार्ड सहित अन्य हिस्सों का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि बारिश अधिक होने से यह स्थिति बनी और दोबारा ऐसा न हो, इसके लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।