खनियांधाना। पुलिस ने 11 जून, 2025 को हुए एक सनसनीखेज चाकूबाजी मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्या के प्रयास के तीन मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। इस वारदात में धर्मवीर जाटव गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिनकी आंतों का ऑपरेशन करना पड़ा था।
पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौड़ के सख्त निर्देशन और पिछोर के एसडीओपी प्रशांत के कुशल मार्गदर्शन में, खनियांधाना थाना प्रभारी गब्बर सिंह गुर्जर के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। इस टीम ने अथक प्रयास करते हुए 20 जुलाई, 2025 को तीन आरोपियों को धर दबोचा। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में प्रभु अहिरवार और रामकृष्ण अहिरवार (दोनों निवासी बसाहर, थाना खनियांधाना) के साथ-साथ रामलाल अहिरवार (निवासी तूमेन, अशोकनगर) शामिल हैं।
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, आरोपियों के पास से वारदात में इस्तेमाल किए गए खूनी चाकू और डंडे भी बरामद कर लिए गए हैं। इससे मामले की तह तक पहुंचने और पुख्ता सबूत जुटाने में पुलिस को बड़ी मदद मिली है। यह गिरफ्तारी पुलिस की सतर्कता और अपराधियों के खिलाफ उनकी निरंतर कार्रवाई का परिणाम है।
यह घटना 11 जून को हुई थी जब अज्ञात हमलावरों ने धर्मवीर जाटव पर धारदार हथियार से हमला कर दिया था। चाकू सीधे पेट में लगने से उनकी आंतों में गंभीर चोट आई थी, जिसके लिए तत्काल ऑपरेशन की आवश्यकता पड़ी। तब से ही पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी।
खनियांधाना पुलिस की इस सफल कार्रवाई से क्षेत्र में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता एक बार फिर साबित हुई है। तीनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उम्मीद है कि इस कार्रवाई से आपराधिक तत्वों में भय व्याप्त होगा और भविष्य में ऐसी वारदातों पर अंकुश लग सकेगा।