अमरवाड़ा। छिंदवाड़ा जिले में दशकों बाद स्वास्थ्य सुविधा लोगों को उपलब्ध नहीं हो पाई है। अमरवाड़ा विकासखंड के ग्राम हथोड़ा के लोहरी मोहल्ला से बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। सड़क और एंबुलेंस की कमी का खामियाजा एक गर्भवती महिला को भुगतना पड़ा। अस्पताल जाने की राह देख रही महिला को घर पर ही बच्चे को जन्म देना पड़ा। बच्चे के साथ गांव के युवाओं ने महिला को खटिया में लिटाकर नदी पार करवाया।
ग्रामीणों ने बताया कि लगभग 20 परिवार यहां पर निवासरत हैं। जब कोई परेशानी आती है तो मोहल्ले तक न एंबुलेंस आती है और ना ही कोई गाड़ी आती है। नदी पार करने के लिए हमेशा खटिया का उपयोग करना पड़ता है। गांव की एक महिला गर्भवती थी और उसकी डिलीवरी होने वाली थी लेकिन समय पर एंबुलेंस नहीं मिली। जिसके बाद घर पर ही बच्चे को जन्म देना पड़ा।
जच्चा बच्चा की स्थिति देख कर गांव के युवाओं ने खाटिया में महिला को लिटाकर नदी पार करवाया। फिर बाइक से ही अस्पताल पहुंचाया और भर्ती कराया।ग्रामीणों ने बताया कि प्रशासनिक अधिकारी और जनप्रतिनिधि से कई बार नदी में पुलिया बनाने और रोड बनाने की मांग की गई लेकिन कोई ध्यान नहीं देता है। स्कूली बच्चों को नदी पार करके स्कूल जाना पड़ता है। बरसात के दिनों में बड़ी दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है।
यहां ग्रामीण मूलभूत सुविधाओं के लिए मोहताज हैं क्योंकि इस मोहल्ले में जाने के लिए ग्रामीणों को नदी पार करनी पड़ती है। नदी पर पुल बनाने की मांग काफी दिनों से चल रही है लेकिन अधिकारियों के कानों में जूं तक नहीं रेंग रही है।