शामगढ़। ग्रामपंचायत छायन व ग्राम पंचायत बरखेड़ा उदा के सभी गांव सेमलीहाड़ा, छायन, बरखेड़ाउदा खेडादेवीसिंह, माकडीचामुण्डा, तीन टापरी (रामनगर) व अन्य गांव के कृषकों द्वारा खरीफ सीजन में सोयाबीन की फसल बोए थे। परंतु विगत समय से खराब वर्षा व अन्य रोग लगने के चलते फसल बुरी तरह प्रभावित हुई है। पौधे पीले पड़ गए हैं और अधिकांश फसल नष्ट हो चुकी तथा फल भी नही आये है। इस परिस्थिति में हमें न तो उत्पादन की आशा है और न ही लागत निकल पाने की संभावना है।
आज ग्रामीणों ने तहसील कार्यालय पहुंचकर तहसीलदार अभिषेक चौरसिया को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन का वाचन अरविंद मेहर ने किया। उपस्थित किसानों राम सिंह, सौदान सिंह, शंकर सिंह अरविंद कुमार मेहर पूर्व सरपंच प्रतिनिधि, गोपाल सिंह, गोवर्धन सिंह, बापू सिंह, पुर सिंह, दशरथ सिंह, गोविंद सिंह, भगवान सिंह, तूफान सिंह, श्याम सिंह, भारु सिंह, प्रधान सिंह, मेहरबान सिंह, शंकर सिंह नेताजी, कालू सिंह, विक्रम सिंह, सुल्तान सिंह, नेपालसिंह सहीत ग्रामीणजनों द्वारा मांग की गई की हम किसान पहले से ही कर्ज के बोझ तले दबे हैं। ऊपर से इस प्राकृतिक आपदा/खराब वर्षा ने हमारी आर्थिक स्थिति को और अधिक दयनीय बना दिया है क्योकि पहले भी हमे वर्ष 2023-24 का फसल बीमा प्राप्त नही हुआ है। वर्तमान हालात में यदि तत्काल प्रशासनिक स्तर पर राहत नहीं दी गई तो हमारे परिवारों के लिए रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो जाएगा। उक्त गांवों के प्रभावित खेतों का तत्काल राजस्व अधिकारियों द्वारा सर्वे क्षति का आकलन कर प्रभावित किसानों को फसल बीमा / राहत राशि उपलब्ध कराई जाए।