शाजापुर। कांग्रेस की वरिष्ठ नेत्री मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है इस निर्णय के विरोध में शाजापुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रेस वार्ता आयोजित कर घटना को लोकतंत्र के इतिहास का एक श्काला अध्यायश् करार दिया है।
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कांग्रेस के जिला अध्यक्ष नरेश्वर सिंह प्रताप ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया पूरी तरह से कानून के अनुरूप संचालित होनी चाहिए, न कि राजनीतिक दबाव में।ष्लोकतंत्र की आत्मा निष्पक्ष चुनाव और प्रतिस्पर्धा में निहित है। यदि विपक्षी दलों के उम्मीदवारों को तकनीकी और विवादित आधारों पर चुनाव मैदान से बाहर किया जाने लगा, तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था पर एक गंभीर आघात है।
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि नामांकन रद्द करने की प्रक्रिया में प्रक्रियात्मक निष्पक्षता का अभाव रहा। उन्होंने इस घटना को आगामी चुनावों के लिए एक खतरनाक संकेत बताते हुए कहा कि चुनाव आयोग को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि सभी उम्मीदवारों को समान अवसर मिले और कोई भी उम्मीदवार तकनीकी खामियों के नाम पर राजनीतिक पूर्वाग्रह का शिकार न हो।