नीमच। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेशभर में संचालित “नशे से दूरी है जरूरी अभियान 2.0” के तहत नीमच जिले में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति आमजन एवं युवाओं को जागरूक करने के लिए लगातार जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। अभियान का उद्देश्य युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित कर नशामुक्त एवं स्वस्थ समाज के निर्माण में जनसहभागिता बढ़ाना है।
पुलिस अधीक्षक नीमच राजेश व्यास के निर्देशन में जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में 22 एवं 23 जुलाई 2026 को जागरूकता कार्यक्रम, ग्राम चौपाल एवं शपथ कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमलता अग्रवाल ने थाना नीमच कैंट क्षेत्र स्थित केंद्रीय विद्यालय क्रमांक-1 में पहुंचकर विद्यार्थियों को नशे से होने वाले सामाजिक, मानसिक एवं शारीरिक दुष्परिणामों की जानकारी दी। इस दौरान चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने सहभागिता की। विद्यार्थियों ने विभिन्न चित्रों के माध्यम से नशामुक्त समाज का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों एवं विद्यालय स्टाफ को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई तथा स्वयं नशे से दूर रहने और परिवार, मित्रों एवं समाज को भी नशे के खिलाफ जागरूक करने का संकल्प कराया गया। इस अवसर पर थाना प्रभारी यातायात रक्षित निरीक्षक सोनू बड़गुर्जर सहित विद्यालय स्टाफ एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
अभियान के तहत थाना नीमच कैंट में उप निरीक्षक जाकिर मंसूरी द्वारा बस स्टैंड नीमच, उप निरीक्षक दीवान सिंह द्वारा सब्जी मंडी एवं जिला चिकित्सालय क्षेत्र में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। वहीं थाना जावद में उप निरीक्षक रूफिना टोप्पो द्वारा बस स्टैंड जावद, थाना सिंगोली में प्रधान आरक्षक विशाल गंगवाल द्वारा ग्राम रूपपुरिया तथा थाना कुकड़ेश्वर में सहायक उप निरीक्षक शाकिर खान द्वारा ग्राम सांकरिया खेड़ी में ग्राम चौपाल आयोजित कर लोगों को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया गया।
कार्यक्रमों में आमजन को बताया गया कि नशा व्यक्ति के स्वास्थ्य, परिवार और समाज पर गंभीर प्रभाव डालता है। उपस्थित लोगों को नशे से दूर रहने तथा समाज में नशामुक्ति का संदेश फैलाने की शपथ दिलाई गई।
नीमच पुलिस ने आमजन से अपील की है कि वे “नशे से दूरी है जरूरी अभियान 2.0” का हिस्सा बनें, स्वयं नशे से दूर रहें और अपने परिवार एवं समाज को भी नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करें। जनसहयोग एवं सामाजिक सहभागिता से ही स्वस्थ, सुरक्षित एवं नशामुक्त समाज का निर्माण संभव है।