सरवानिया महाराज। जावद तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत धामनिया में ग्राम आबादी की भूमि पर कथित रूप से रातों-रात प्लॉट आवंटन किए जाने के आरोपों ने ग्रामीणों में आक्रोश पैदा कर दिया है। मामले की जानकारी सामने आने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने गुरुवार को एकत्रित होकर हल्का पटवारी एवं पंचायत सचिव को ज्ञापन सौंपते हुए पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत के जिम्मेदारों द्वारा ग्राम आबादी क्षेत्र की शासकीय भूमि पर बिना किसी वैधानिक प्रक्रिया, ग्राम सभा के प्रस्ताव अथवा सार्वजनिक सूचना के कथित रूप से प्लॉट आवंटित कर दिए गए। इतना ही नहीं, संबंधित भूमि पर तार फेंसिंग करवाकर मिट्टी का भराव भी करा दिया गया। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें इस प्रक्रिया की कोई जानकारी नहीं दी गई और न ही पंचायत के सूचना पटल पर किसी प्रकार की सूची चस्पा की गई।
सूत्रों के अनुसार, पूर्व में धामनिया-मोरवन मार्ग पर विद्युत ग्रिड के समीप स्थित शासकीय चरनोई भूमि को नियमानुसार ग्राम आबादी भूमि में परिवर्तित कराया गया था। हल्का नंबर-39 के अंतर्गत सर्वे क्रमांक 237/2/2 की इस शासकीय भूमि पर किन-किन लोगों को प्लॉट दिए गए, इसकी जानकारी अब तक सार्वजनिक नहीं की गई है। इसी को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी व्याप्त है।
गुरुवार सुबह करीब 11.30 बजे बड़ी संख्या में ग्रामीण ग्राम पंचायत कार्यालय पहुंचे और हल्का पटवारी तथा पंचायत सचिव राजेश पुरोहित को ज्ञापन सौंपकर कथित अवैधानिक प्लॉट आवंटन की संपूर्ण प्रक्रिया को सार्वजनिक करने तथा जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की।
सचिव ने किया प्लॉट आवंटन से इनकार-
ग्राम पंचायत धामनिया के सचिव राजेश पुरोहित ने मामले में अपना पक्ष रखते हुए कहा कि शासन की भूमि पर कुछ लोगों द्वारा प्लॉटनुमा कब्जा कर तार फेंसिंग एवं मिट्टी भराव किए जाने की जानकारी मिली है, लेकिन ग्राम पंचायत द्वारा किसी भी प्रकार का प्लॉट आवंटन नहीं किया गया है। उन्होंने बताया कि ग्रामवासियों द्वारा ज्ञापन प्राप्त हुआ है, जिसकी जांच की जा रही है। मामले को लेकर ग्रामीण अब प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर वास्तविक स्थिति सार्वजनिक करने और दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।