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July 24, 2026, 11:59 am
KHABAR : दूध खरीद में वैज्ञानिक मानकों की मांग, दुग्ध व्यापारी संघ ने सीएम के नाम सौंपा ज्ञापन, पढे़ कुलदीप गुप्ता की खबर

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शिवपुरी। दुग्ध व्यापारी संघ ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर जिले में दूध की खरीद-फरोख्त वैज्ञानिक मानकों के आधार पर कराए जाने की मांग की है। संघ ने दूध की गुणवत्ता जांच के लिए फैट और एसएनएफ (SNF) आधारित प्रणाली को अनिवार्य करने तथा मावा (खोया) रिकवरी के आधार पर दूध खरीदने की प्रथा पर रोक लगाने की मांग उठाई।

संघ का आरोप है कि जिले के कई दुग्ध उत्पादक फैट और एसएनएफ आधारित जांच प्रणाली का पालन नहीं कर रहे हैं। इसके बजाय मावा रिकवरी के आधार पर दूध खरीदने का दबाव बनाया जा रहा है, जिससे डेयरी संचालकों को आर्थिक नुकसान और शोषण का सामना करना पड़ रहा है।

दुग्ध व्यापारी संघ के अध्यक्ष एडवोकेट राजकुमार शाक्य ने बताया कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 तथा एफएसएसएआई (FSSAI) के नियमों के अनुसार दूध की गुणवत्ता का निर्धारण केवल फैट और एसएनएफ की जांच के आधार पर ही किया जा सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिले में इन नियमों की अनदेखी की जा रही है और कम फैट वाला अमानक दूध बाजार में पहुंच रहा है।

ज्ञापन में जिला प्रशासन से मांग की गई है कि दूध का क्रय-विक्रय केवल फैट और एसएनएफ आधारित जांच प्रणाली के अनुसार सुनिश्चित किया जाए। साथ ही मावा रिकवरी की प्रथा पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए तथा सभी दूध उत्पादकों और संग्रहकर्ताओं का एफएसएसएआई के तहत अनिवार्य पंजीयन कराया जाए।

संघ ने यह भी मांग की कि खाद्य सुरक्षा अधिकारी नियमित रूप से दूध के नमूने लेकर गुणवत्ता की जांच करें और अमानक दूध बेचने वालों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाए।

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