चित्तौड़गढ़। जिला कलक्टर डॉ. मंजू की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला कलक्ट्रेट के समिति कक्ष में वर्ष 2026-27 की गर्मियों के दौरान चित्तौड़गढ़ शहर की पेयजल आवश्यकता एवं पर्याप्त जल उपलब्धता सुनिश्चित करने के संबंध में बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड, नगर परिषद चित्तौड़गढ़, जल संसाधन विभाग एवं खनिज विभाग सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग ने घोसुंडा बांध से आगामी महीनों में पेयजल उपयोग के लिए प्रस्तावित मासिक वाटर कर्टेलमेंट प्लान प्रस्तुत किया। जिला कलक्टर ने उपलब्ध जल की स्थिति के अनुसार निर्धारित मात्रा में पानी का उपयोग करने तथा इसकी नियमित समीक्षा एवं निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
एसटीपी से मिलेगा अतिरिक्त पानी-
बैठक में बताया गया कि वर्तमान में हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड को नगर परिषद चित्तौड़गढ़ के एसटीपी से प्रतिदिन 5 एमएलडी पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। नगर परिषद द्वारा दिसंबर 2026 तक दो अन्य एसटीपी को कनेक्ट कर लगभग 2 एमएलडी अतिरिक्त जल उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी।
हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड ने घोसुंडा बांध में उपलब्ध जल की स्थिति के अनुसार आवश्यकतानुसार पानी की व्यवस्था करने तथा बंद पड़े माइन रिजर्वायर एवं अन्य जल स्रोतों को जरूरत के अनुसार पुनः उपयोग में लेने में सहयोग का आश्वासन दिया।
जल उपलब्धता की होगी मासिक समीक्षा-
बैठक में निर्णय लिया गया कि अक्टूबर 2026 से घोसुंडा बांध में उपलब्ध पानी की स्थिति की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग एवं हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड के संबंधित अधिकारी उपस्थित रहेंगे और बैठक की कार्यवाही से जिला कलक्टर को अवगत कराया जाएगा।
घोसुंडा बांध के आसपास स्थानीय ग्रामीणों द्वारा जल दोहन किए जाने के संबंध में भी चर्चा की गई। जिला कलक्टर ने उपखंड अधिकारी, चित्तौड़गढ़ को आवश्यक सर्वे कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही बंद पड़ी पाइपलाइनों एवं अन्य जल स्रोतों को आवश्यकता के अनुसार पुनः उपयोग में लाने के निर्देश दिए गए।
बंद पाइपलाइन से पानी पहुंचाने पर भी सहमति-
बैठक में उपलब्ध पानी को बंद पड़ी पाइपलाइन के माध्यम से परिवहन कर पेयजल व्यवस्था में उपयोग करने पर भी सहमति बनी। इसके लिए जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, नगर परिषद, जल संसाधन विभाग, खनिज विभाग एवं हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड के लोकेशन हेड द्वारा आवश्यकतानुसार सहयोग किया जाएगा।
जिला कलक्टर ने निर्देश दिए कि आगामी गर्मियों में चित्तौड़गढ़ शहर की पेयजल आपूर्ति को सुचारू बनाए रखने के लिए उपलब्ध जल संसाधनों का समन्वित एवं प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने आवश्यकता के अनुरूप सभी वैकल्पिक व्यवस्थाएं समय रहते पूर्ण कर जिला प्रशासन को अवगत कराने के निर्देश भी दिए।