नीमच। मप्र शासन के नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने शुक्रवार को एक तबादला सूची जारी की। इस तबादला सूची में नीमच नगर पालिका सीएमओ गरिमा पाटीदार के नाम का भी जिक्र है। अब तक नपा नीमच की बागडोर संभाल रही सीएमओ पाटीदार को यहां से हटाया गया है। वहीं इनकी जगह एपी सिंह गहरवार को सीएमओ का दायित्व सौंपा है। वे सतना से स्थानांतरित होकर यहां आएंगे।
राजनीतिक सूत्रों की मानें तो शुक्रवार को जो तबादला सूची जारी हुई है, उसमें भाजपा के नेता संतोष चौपड़ा का बड़ा स्ट्रोक दिखाई दिया है। नगर पालिका सीएमओ के तबादले के पीछे भाजपा के वरिष्ठ नेता संतोष चौपड़ा ने पर्दे के पीछे से अहम रोल निभाते हुए अपनी राजनीतिक पहुंच का प्रदर्शन किया है।
राजनीतिक विशेषज्ञों ने बताया कि नपा सीएमओ की कार्यशैली से नगर पालिका अध्यक्ष स्वाति चौपड़ा सहित भाजपा का बोर्ड नाखुश था। यहीं कारण है कि नपाध्यक्ष चाहती थी कि उनका तबादला यहां से अन्यत्र हो जाए। जैसा की विदित है स्वाति चौपड़ा, संतोष चौपड़ा की पुत्र वधु है और संतोष चौपड़ा भाजपा की राजनीति में अपना एक अलग ही रसूख रखते हैं। इसीलिए ऐसा माना जा रहा है कि तबादले की पहली ही सूची में सतोष चौपड़ा ने अपना ट्रंप कार्ड खेला और नपा सीएमओ के रूप में सतना के तेज तर्राट सीएमओ एपी सिंह गहरवार को नीमच में पदस्थ करवा लिया।
पूर्व सीएमओ सविता प्रधान भी चर्चाओं में-
राजनीतिक विशेषज्ञों ने बताया कि इसके पूर्व राकेश पप्पू जैन के कार्यकाल में सविता प्रधान गौड़ सीएमओ थी। उस समय भी राकेश जैन व भाजपा के बोर्ड को सविता प्रधान की ढीली कार्यशैली पसंद नहीं थी। क्योंकि सीएमओ नपा जनप्रतिनिधियों की नहीं सुनती थी। उन्हें विधायक दिलीप सिंह परिहार का संरक्षण प्राप्त था। उस समय विधायक के कहने पर ही नपा के काम होते थे।