जावद। भाजपा नेता समंदर पटेल मित्र मंडल के तत्वावधान में नीमच रोड स्थित कृषि उपज मंडी प्रांगण में एक विशाल भजन संध्या का आयोजन किया गया। जिसमे सुप्रसिद्ध भजन गायिका गीता बेन रबारी गुजरात, गौरी गोयल इंदौर ने एक से बढकर एक ईत्र व फुलो की वर्षा के बीच भजनो की शानदार प्रस्तुतियां दी। उपस्थित जनता ने दोनों भजन गायिका द्वारा प्रस्तुत भजनों का भरपूर श्रद्धा के साथ आनंद लिया एवं भजनों पर उपस्थित श्याम प्रेमी जमकर थिरके जिसमें भाजपा नेता समुंदर पटेल ने भी साथ दिया। विश्व हिंदू परिषद मालवा प्रांत संगठन मंत्री (प्रचारक) नंददास डडोतिया, कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा सहित धार्मिक, सामाजिक, राजनेतिक संगठनो के पदाधिकारी, श्याम भक्त पहुंचकर ज्योत में आहुति देकर बाबा श्याम के दर्शन किए।
भजन गायिका गीता बेन रबारी ने दीनानाथ मेरी बात छानी कोनी तेरे से, खाटू श्याम तेरी शरण मे आ गयो... सावलिया सेठ म्यारी राधाजी से जानी है...सावलिया सेठ देखे, एक रूपयो दे दे, थारे भरे भंडार.. प्यारो लागे घनो प्यारो लगे, कल्लाजी का दरबार मने प्यारो लागे.. श्याम तूझे मिलने का सत्संग ही बहाना है, दूनिया वाले क्या जाने रिश्ता पूराना है.. सजादो घर गुलशन से, अवध में राम आएंगे, और मेरे श्याम आएंगे.... खाटू वाले बाबा श्याम तेरी जोडी रहे सलामत... तेरा जैसा यार कहा, याद करेगी दूनिया, यह दोस्ती हम नही तौडेंगे, तौडेगे ना साथ तौडेंगे... विट्टल विट्टल विट्टला, हरिओम विट्टला... श्रीकृष्ण गोविंद मुरारी, है नाथ नारायण वासूदेवाय... खाटू आजा श्याम आजा खाटू वाले.. सहित एक से बढकर एक भजनो की शानदार प्रस्तुतियो से पांडाल झूम उठा। बाबा श्याम का अलौकिक दिव्य दरबार सजाया गया। कार्यक्रम रात्रि 1 बजे तक चला।
भाजपा का एक भी बड़ा नेता नहीं पहुंचा भजन संध्या में-
कांग्रेस छोड़ बीजेपी में शामिल हुए समंदर पटेल धीरे-धीरे भाजपा में अपनी पकड़ बनाने की कोशिश कर रहे हैं। किंतु कल आयोजित भजन संध्या में नीमच मंदसौर संसदीय क्षेत्र और चित्तौड़ संसदीय क्षेत्र से एक भी भाजपा का बड़ा नेता भजन संध्या में उपस्थित नहीं था। केवल जावद विधायक ओमप्रकाश सकलेचा आए थे।
क्या दिग्विजय सिंह को निमंत्रण देना पड़ गया समंदर पटेल को भारी-
29 अप्रैल 2023 को जहां एक और समंदर पटेल द्वारा प्रसिद्ध भजन गायिका गीताबेन रबारी की भजन संध्या का आयोजन किया गया था। वही मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह भी जावद कांग्रेस कार्यकर्ताओं की मीटिंग लेने के लिए आए हुए थे। समंदर पटेल पहले कांग्रेस में थे, किंतु ज्योतिरादित्य सिंधिया के कांग्रेस छोड़ जाने के साथ ही समंदर पटेल ने भी कांग्रेस छोड़ दी और बीजेपी में शामिल हो गए और आज वह भाजपा नेता समंदर पटेल के नाम से जाने जाते हैं। किंतु समंदर पटेल दिग्विजय सिंह द्वारा ली जा रही कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भरी महफिल में पहुंच गए और दिग्विजय सिंह को शाम को आयोजित भजन संध्या में आने का निमंत्रण दे दिया। जिसकी चर्चा नगर में जोरों से चलने लगी और जनता तो यह भी कयास लगाने लगी की कहीं समंदर पटेल फिर से कांग्रेस पार्टी में शामिल तो नहीं होने वाले हैं। कहीं यही तो कारण नहीं रहा कि बीजेपी का एक भी बड़ा नेता भजन संध्या में नहीं उपस्थित हुआ।
जितना कयास लगाया जा रहा था उतना जनसैलाब नहीं उमड़ा-
देखा जाए तो इस भजन संध्या की तैयारी लगभग 1 महीने पूर्व ही शुरू हो गई थी धीरे-धीरे जगह-जगह बैनर होर्डिंग लगने शुरू हो गए थे। सोशल मीडिया पर भी इसका प्रचार शुरू कर दिया गया था। माइक व साउंड द्वारा गांव गांव में वाहन घुमाए जा रहे थे। कुछ दिन पहले से समंदर पटेल एवं मित्र मंडल जावद विधानसभा में लोगों को भजन संध्या में आने हेतु आमंत्रण भी दे रहे थे। ट्रैफिक व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए नगर में तीन से चार जगह पार्किंग स्थल भी बनाए गए थे। प्रशासन की व्यवस्था भी पर्याप्त थी, ऐसे कयास लगाये जा रहा थे की 25 से 30 हजार लोग इस भजन संध्या में उपस्थित होंगे। किंतु सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार 8 से 10 हजार जनता ही कार्यक्रम में उपस्थित हो सकी।