नीमच। प्रदेश स्तर के आह्वान पर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी जिला नीमच की अनिश्चितकालीन हड़ताल सोमवार को सातवें दिन भी जारी रही। कर्मचारी जिला चिकित्सालय ट्रॉमा सेंटर के समीप धरना स्थल पर एकत्र होकर शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन करते रहे।
हड़ताल के सातवें दिन कर्मचारियों ने शासन एवं प्रशासन का ध्यान अपनी मांगों की ओर आकर्षित करने के लिए प्रतीकात्मक रूप से “भैंस के आगे बीन” कार्यक्रम आयोजित किया और सरकार से “सद्बुद्धि” की प्रार्थना की।
हड़ताल के कारण जिले में टीबी कार्यक्रम, टीकाकरण अभियान, आरबीएसके, दवाई वितरण व्यवस्था, डीपीएमयू यूनिट तथा दवा स्टोर सहित कई स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हुई हैं।
धरना स्थल पर बड़ी संख्या में NHM संविदा अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे और उन्होंने अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी भी की।
संविदा कर्मचारियों की प्रमुख मांगें:
मुख्यमंत्री द्वारा 30 जनवरी 2026 को दशहरा मैदान, टी.टी. नगर में घोषित आश्वासन के अनुसार नियमितीकरण किया जाए।
सामान्य प्रशासन विभाग की 2023 नीति के अनुसार एनपीएस एवं स्वास्थ्य बीमा का लाभ दिया जाए।
अन्य राज्यों की तरह 10 प्रतिशत वार्षिक वेतन वृद्धि लागू की जाए।
नियमित कर्मचारियों के समान महंगाई भत्ता (DA) प्रदान किया जाए।
सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (CHO) के वेतन में पीबीआई समायोजित कर पूर्व की भांति इंडिकेटर लागू किए जाएं।
वेतन विसंगति (समकक्षता) के निर्धारण पर पुनर्विचार कर संशोधन किया जाए।
संविदा कर्मचारियों को नियमित कर्मचारियों की तरह अवकाश की सुविधा दी जाए।
समान कार्य के लिए समान वेतन एवं सुविधाएं लागू होने तक सार्थक ऐप बंद किया जाए।
धरना स्थल पर प्रदेश कार्यकरणी सदस्य अनिल कुमार डुगरवाल एवं जिला अध्यक्ष दिलीप कुमार शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक हड़ताल जारी रहेगी।