इंदौर। ऑर्गन डोनेशन के क्षेत्र में बेहतर काम कर रहे मध्य प्रदेश को श्बेस्ट इमर्जिंग स्टेट यानी सबसे तेजी से उभरते राज्य का अवार्ड दिया गया। यह अवॉर्ड मध्य प्रदेश को आंध्र प्रदेश, जम्मू कश्मीर के साथ संयुक्त रूप से मिला। देश के ‘बेस्ट सोट्टो स्टेट’ का अवॉर्ड पर तेलंगाना को मिला। दूसरा तमिलनाडु, तीसरे कर्नाटक को दिया गया है।
कार्यक्रम में ब्रेन डेड हुए बच्चों के अंग दान के लिए परिवारों का सम्मान भी किया। बता दें कि हर राज्य में अंगदान को लेकर श्सोट्टोश् काम करता है। वह डोनर के साथ अस्पतालों के बीच संवाद स्थापित करता है।
शनिवार को नई दिल्ली में श्इंडियन ऑर्गन डोनेशन डेश् पर स्वास्थ्य मंत्रालय की केंद्रीय राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने खिताब प्रदान किया। इंदौर सोट्टोऔर मध्यप्रदेश की ओर से इंदौर सांसद शंकर लालवानी और स्टेट ऑर्गनएंड टिशू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन (सोट्टो) इंदौर के प्रभारी डॉ. संजय दीक्षित ने यह अवार्ड प्राप्त किया।
‘बेस्ट इमर्जिंग’ स्टेट का अवार्ड मिलने की वजह..
प्रभारी डॉ. संजय दीक्षित के मुताबिक मप्र में ऑर्गन्स डोनेशन लगातार हो रहे हैं। इंदौर में सबसे ज्यादा हो रहे हैं। इसके साथ ही अब मप्र देश में देश में चौथे नंबर पर है। इसके चलते उसे अंगदान में उभरते राज्य के रूप में ‘बेस्ट इमर्जिंग स्टेट’ का अवॉर्ड के लिए चुना गया। इसके पूर्व 2019 में मप्र को ‘बेस्ट सोट्टो ’ का अवॉर्ड भी मिल चुका है। मप्र अभी स्किन डोनेशन में दूसरे नंबर पर है।
इंदौर में है राज्यस्तरीय का सोट्टो सेंटर
राज्य में अंगदान की गतिविधियों के लिए स्टेट टिशू एण्ड ट्रांसप्लांट ऑर्गनाइजेशन (सोट्टो) इंदौर में है। अंगों के आवंटन से लेकर अन्य सारा काम यहीं से संचालित किया जाता है। कैडेवर ऑर्गन डोनेशन के क्षेत्र में इंदौर न सिर्फ मप्र बल्कि देश के चुनिंदा शहरों में शामिल है।
टू-टियर सिटी होने के बावजूद यहां जागरूकता के चलते अब तक 60 कैडेवर ऑर्गन डोनेशन हो चुके हैं। ग्रीन कॉरिडोर बनाकर लिवर, हार्ट सहित कई अंग दिल्ली, मुंबई सहित अन्य शहरों को हवाई मार्ग से पहुंचाए गए हैं। ब्रेन डेड के 60 लोगों के अंगों से 200 से ज्यादा मरीजों को नया जीवन मिला है। लाइव डोनेशन के जरिए 1635 लोगों को नया जीवन मिला है। 20 हजार से ज्यादा लोगों ने अंगदान की शपथ भी ली है। इसके लिए बकायदा उन्होंने शपथ पत्र भरा है। इस मामले में मप्र का देश में चौथा नंबर आया था।
अंगदान में अहम योगदान के कारण सोट्टोइंदौर को मिला
सोट्टो को इंदौर लाने की लड़ाई भी आसान नहीं थी। अंगदान अधिनियम के तहत सोट्टो प्रदेश की राजधानी को मिलता, लेकिन प्रदेश में एकमात्र इंदौर ऐसा शहर है जहां सबसे ज्यादा अंगदान होते हैं। इसी के चलते यह इंदौर को मिला। अभी करीब 25 अस्पताल में रजिस्टर्ड हैं।