BREAKING NEWS
NMH MANDI : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी नीमच के.. <<     KHABAR : एनएसयूआई कार्यकर्ता के दुष्कर्म मामले.. <<     BIG REPORT : नशे से दूरी है जरूरी 2.0 अभियान के तहत नीमच.. <<     KHABAR : ग्रामीण विकास कार्यों में लापरवाही नहीं.. <<     MANDI BHAV : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी मनासा के.. <<     NEWS : हरियाली अमावस्या पर गूंजेगा शौर्य का.. <<     BIG NEWS : मिनी पुरी बना नीमच, फूलों से सजे दिव्य रथ.. <<     NEWS : एक पेड़ माँ के नाम अभियान से जुड़ीं जिला.. <<     NEWS : श्री महावीर जैन मण्डल संस्थान की नई.. <<     NEWS : भारत विकास परिषद की उत्कर्ष शाखा का गठन,.. <<     NEWS : श्रृंग ऋषि जयंती पर प्रतिभाओं का महाकुंभ, 80.. <<     NEWS : न्युवोको विस्टास की दमदार शुरुआत, पहली.. <<     NEWS : हाईवे पर चला प्रशासन का बुलडोजर, 25 अवैध.. <<     REPORT : कुपोषण मुक्त नीमच के लिए कलेक्टर हिमांशु.. <<     KHABAR : नराकास की बैठक में गूंजी हिंदी की आवाज,.. <<     KHABAR : लखपति दीदी बनेगी आत्मनिर्भरता की नई.. <<     BIG NEWS : दतिया उपचुनाव में नरोत्तम मिश्रा का दर्द.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
September 1, 2024, 2:00 pm
KHABAR : 4 सितंबर को बीना आ रहे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, बीना को जिला बनाने की घोषणा टल सकती है क्योंकि खुरई-कुरवाई में विरोध, सरकार भी नहीं चाहती छोटा जिला, पढे़ खबर 

Share On:-

बीना। 4 सितंबर को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बीना में लाड़ली बहना योजना के कार्यक्रम में आ रहे हैं। बीना वालों को उप-चुनाव के पहले उनसे बड़ी घोषणा की उम्मीद है। सबसे बड़ी मांग ​बीना को जिला बनाने की है। लेकिन इस घोषणा को लेकर बीना के लोगों को इंतजार करना पड़ सकता है ​क्योंकि परिस्थितियां कुछ अलग बन रही हैं।


बीना के लोगों ने खुरई, बीना, मालथौन, बांदरी, कुरवाई, पठारी और प्रस्तावित खिमलासा तहसील को जोड़कर मप्र के एक और नए जिले का खाका अपने जहन में उतार लिया है। इसमें अनुमानित 780 गांव तथा जनसंख्या करीब 9 लाख रहेगी। निवाड़ी जिले की जनसंख्या से दोगुनी जनसंख्या और क्षेत्रफल भी बड़ा होगा।


बीना जिला बना तो 7 तहसीलें हो सकती हैं शामिल
बीना - 1985 से मांगबीना को जिला बनाने की मांग 1985 से चली आ रही है। उस समय दुबे आयोग का गठन हुआ था। जिसने बीना समेत 25 जिले की सिफारिशें की थीं। इनमें से 8 जिले बनाए गए थे। बीना में 7 करोड़ की लागत से संयुक्त प्रशासनिक भवन बन रहा है। यह दिसंबर तक कंपलीट हो जाएगा। वर्तमान में 50 बिस्तर का सिविल अस्पताल है।


खुरई - 1964 से मांग
खुरई पुरानी तहसील है। इसका भवन ही 1912 का है। खुरई को जिला बनाने की मांग 1964 से चली आ रही है। खुरई के लोग आज भी इसी मांग पर अडिग हैं। यहां अनुविभाग स्तर के कार्यालय हैं। 100 बिस्तर का सिविल अस्पताल, निर्माणाधीन संयुक्त भवन। न्यायपालिका में दो एडीजे कोर्ट सहित तीन अन्य न्यायालय हैं। बिजली कंपनी, पीएचई विभाग का संभागीय कार्यालय मौजूद है।


3 सितंबर को खुरई बंद का आह्वान
जिला बनाओ संघर्ष समिति के आह्वान पर 3 सितंबर को जिला बनाने की मांग को लेकर खुरई बंद रहेगा। समिति ने सभी व्यापारी संघ से समर्थन का आह्वान किया है। समिति द्वारा 42 दिन से तहसील परिसर में क्रमिक धरना, प्रदर्शन चल रहा है। सभी समाज, संगठन अलग-अलग जुलूस निकालकर मुख्यमंत्री को जिला बनाने ज्ञापन सौंप चुके हैं।


बन रही विरोधाभास की स्थिति 
बीना को जिला बनाने में कई तरह के विरोधाभास की स्थिति भी बन रही है। राजनीतिक और भौगोलिक कारणों के बीच अफसर और नेता कुछ भी कहने से बच रहे हैं। नए जिले के लिए इंतजार और बढ़ सकता है। खुरई और कुरवाई में बीना को जिला बनाने का विरोध शुरू हो गया है। इसके अलावा सरकार कोई छोटा जिला बनाने के पक्ष में नहीं है। 2026 में होने वाले विधानसभा परिसीमन तक का सरकार इंतजार कर सकती है।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE