नीमच। नीमच केंट के महारानी लक्ष्मीबाई उच्चतर विद्यालय (कोठी स्कूल) में अमृत प्रकृति वंदन का कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। जिसमें अमृता देवी के कहानियों के माध्यम से उनके बलिदानों को याद किया गया।
अपने सारगर्भित उद्बोधन में सरस्वती शिक्षा महाविद्यालय मंदसौर के प्राचार्य एवं मालवा प्रान्त पर्यावरण नारी शक्ति प्रमुख डॉ निशा महाराणा ने कहा कि वृक्ष हमारे कल्पतरु हैं। यदि हम मनोभाव से इनका पूजन-अर्चन करते हैं तो ये हमारी इच्छा पूर्ण करते हैं। आज से करीब 700 वर्ष पूर्व माता अमृता देवी ने इसका संदेश दिया था और वृक्षों को बचाने के लिये अपनी और अपने परिवार सहित 363 लोगों की जान का अर्पण कर दिया। यदि हम इसका रक्षण और पालन करते हैं तो ये हमारे मानव जीवन को धन्य बना देते हैं। हमारे लिए ऑक्सीजन की व्यवस्था करते हैं जिससे पृथ्वी पर प्राणी जीवित है।
मंदसौर विभाग पर्यावरण संयोजक यशवंत यादव ने स्कूल के प्राचार्य और स्टाफ को नेशनल स्टूडेंट पर्यावरण कॉम्पिटिशन में जिले में सबसे अधिक 350 बालिकाओं द्वारा भाग लेने पर धन्यवाद दिया। कार्यक्रम में स्कूल के बच्चे के साथ-साथ समस्त स्टाफ एवं प्राचार्य उपस्थित थे। कार्यक्रम में मालवा प्रान्त पर्यावरण स्वयंसेवी संस्था सह प्रमुख संजय महाराणा, मंदसौर विभाग पर्यावरण संयोजक यशवंत यादव, देवेंद्र और नीमच पर्यावरण जिला संयोजक दिनेश मानावत मौजूद थे। आभार दिनेश मानावत ने व्यक्त किया।