BREAKING NEWS
NMH MANDI : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी नीमच के.. <<     KHABAR : एनएसयूआई कार्यकर्ता के दुष्कर्म मामले.. <<     BIG REPORT : नशे से दूरी है जरूरी 2.0 अभियान के तहत नीमच.. <<     KHABAR : ग्रामीण विकास कार्यों में लापरवाही नहीं.. <<     MANDI BHAV : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी मनासा के.. <<     NEWS : हरियाली अमावस्या पर गूंजेगा शौर्य का.. <<     BIG NEWS : मिनी पुरी बना नीमच, फूलों से सजे दिव्य रथ.. <<     NEWS : एक पेड़ माँ के नाम अभियान से जुड़ीं जिला.. <<     NEWS : श्री महावीर जैन मण्डल संस्थान की नई.. <<     NEWS : भारत विकास परिषद की उत्कर्ष शाखा का गठन,.. <<     NEWS : श्रृंग ऋषि जयंती पर प्रतिभाओं का महाकुंभ, 80.. <<     NEWS : न्युवोको विस्टास की दमदार शुरुआत, पहली.. <<     NEWS : हाईवे पर चला प्रशासन का बुलडोजर, 25 अवैध.. <<     REPORT : कुपोषण मुक्त नीमच के लिए कलेक्टर हिमांशु.. <<     KHABAR : नराकास की बैठक में गूंजी हिंदी की आवाज,.. <<     KHABAR : लखपति दीदी बनेगी आत्मनिर्भरता की नई.. <<     BIG NEWS : दतिया उपचुनाव में नरोत्तम मिश्रा का दर्द.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
October 22, 2024, 6:41 pm
BIG REPORT : आगामी अफीम नीति 2024-25, केंद्रीय वित्त मंत्रालय से अब तक नहीं हुई जारी तो फूटा किसानों का आक्रोश, बोले- समय तेजी से निकलता जा रहा है, पढ़े खबर

Share On:-

मन्दसौर। अफीम किसानों का कहना है कि सरकार जानबूझकर अफीम पॉलिसी को जारी करने में आनाकानी कर रही है। क्योंकि अगर अफीम पॉलिसी जितनी देरी से जारी होगी उतना अधिक किसानों को नुकसान होगा। क्योंकि अफीम बोने का समय निकलता जा रहा है और अगर अफीम पॉलिसी अभी भी जारी होती है तो भी कम से कम 20 से 25 दिन नारकोटिक्स विभाग को लाइसेंस वितरण करने में लगेंगे। ऐसी स्थिति में किसान  बुवाई जितनी देरी से करेगा। उसमें कई प्रकार की बीमारियां उत्पन्न होगी और जैसे किसान सरकार की निर्धारित औसत उपज को पूरा करने में बहुत ज्यादा दिक्कत पैदा होगी। एक बार पहले भी भारत सरकार ने 2020 में 21 अक्टूबर को अफीम पॉलिसी जारी की थी, जिससे किसानों को काफी नुकसान उठाना पड़ा था और उसके बाद हुआ था अफीम फैक्ट्री में भ्रष्टाचार जिसकी वजह से कई किसान बेकसूर होते हुए भी सीपीएस पद्धति में चले गए। इसलिए सरकार को चाहिए की ऐसे बेकसूर किसानों को तुरंत प्रभाव से चीरा पद्धति में शामिल करने का आदेश जारी करना चाहिए। अफीम नीति सितंबर महीने के पहले सप्ताह में ही जारी कर देनी चाहिए, जिससे किसानों में किसी प्रकार की परेशानियां उत्पन्न ना हो। 1990 से आज तक के सभी अफीम लाईसेंस जारी किये जाए। सीपीएस पद्धति खत्म कर सभी किसानों को लान्सिग पद्धति में लाईसेंस जारी किए जाए। अफीम का रकबा सभी किसानों को समान रूप से आवंटन किये जाए। यह मांग अफीम उत्पादक संघर्ष समिति राजस्थान मध्यप्रदेश उत्तरप्रदेश भारत राष्ट्रीय अध्यक्ष नरसिंह डांगी टिडवास ने की। 
 

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE