भोपाल। केंद्रीय कर्मचारियों के समान 7 प्रतिशत महंगाई भत्ता और पेंशनरों के लिए महंगाई राहत, पदोन्नति, 7वें वेतनमान के अनुसार वाहन एवं गृहभाड़ा भत्ता देने सहित अन्य मांगों को लेकर सतपुड़ा भवन के सामने मध्य प्रदेश अधिकारी-कर्मचारी संयुक्त मोर्चा ने प्रदर्शन शुरू कर दिया है। कर्मचारियों ने जमकर नारेबाजी की और मंत्रालय होते हुए विंध्याचल भवन तक रैली भी निकाली। यहां सभा आयोजित की गई, जिसमें कर्मचारियों ने सरकार पर उपेक्षा के आरोप लगाए।
प्रदर्शन स्थल पर कर्मचारियों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया है। यहां वक्ता साफ कह रहे हैं कि कर्मचारियों के साथ सरकार का यह बर्ताव बर्दाश्त करने लायक नहीं है। उनका कहना है कि सरकार कर्मचारियों पर ध्यान नहीं देती है, तो यह लड़ाई आगे तक जाएगी।
उपेक्षा, मांगों और समस्याओं को लेकर यह प्रदर्शन किया जा रहा है। जिसमें भोपाल जिले के कर्मचारी शामिल हो रहे हैं। सतपुड़ा और मंत्रालय भवन के सामने होने वाले इस प्रदर्शन के माध्यम से कर्मचारी सरकार को यह मैसेज देना चाहते हैं कि उपेक्षा पर वे चुप नहीं बैठेंगे।
संयुक्त मोर्चा भोपाल के अध्यक्ष उमाशंकर तिवारी ने बताया कि 7 प्रतिशत महंगाई भत्ता और महंगाई राहत (जनवरी 2024 से 4 प्रतिशत और जुलाई 2024 से 3 प्रतिशत) एरियर सहित देने, अनुकंपा नियुक्ति में सीपीसीटी समाप्त करने, लिपिकों की ग्रेड-पे में विसंगति दूर कर मंत्रालय के समान करने, पदोन्नति शुरू करने, सातवें वेतनमान के अनुसार वाहन एवं गृहभाड़ा भत्ता देने, संविदा एवं स्थाईकर्मियों को नियमित करने, आउटसोर्स प्रथा बंद करने को लेकर यह प्रदर्शन किया जा रहा है।
तिवारी कहते हैं कि यह तो आगाज है। इस प्रदर्शन के बाद भी सरकार ने कर्मचारियों की मांगों और समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया, तो चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा। आज के प्रदर्शन में इस पर भी बात की जाएगी और जरूरी हुआ तो चरणबद्ध आंदोलन का ऐलान भी किया जाएगा। तिवारी ने सतपुड़ा भवन के सामने होने वाले इस प्रदर्शन में सभी विभागीय समिति अध्यक्षों से कर्मचारियों के साथ उपस्थित होने की अपील की है।