शिवपुरी। जिले के करैरा कस्बे में खाद के टोकन लेने कतार में लगी महिला किसान को विवाद के बाद करैरा पुलिस ने शांतिभंग की धाराओं में आरोपी बनाकर पिछले शुक्रवार को जेल भेज दिया था। जब कांग्रेस ने आंदोलन की बात कही तब कहीं जाकर महिला को रविवार को जमानत मिल सकी थी।
वहीं, अब मध्यप्रदेश के समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ मनोज यादव ने महिला किसान के घर पहुंचकर उन्हें खाद की बोरियां उपलब्ध कराकर उससे मुलाकात की। इस दौरान उनके साथ समाजवादी पार्टी के कई नेता मौजूद रहे।
ये था पूरा मामला
दरअसल, पिछले शुक्रवार को छीतरी गांव की रहने वाली विधवा महिला किसान गौरा पत्नी सुरेश कुशवाहा (35) खाद के टोकन के लिए रात दो बजे अपने गांव से चलकर करैरा पहुंची थी। शुक्रवार की सुबह वह लाइन में लगी हुई थी। इसी दौरान उसके पीछे लगी महिला किसान ने उसके किसान होने पर संदेह जताते हुए उसे मील का मजदूर बताते हुए पैसों के लिए टोकन लेने के लिए लाइन में लगने के आरोप लगा दिए थे। इसी बात को लेकर महिलाओं के बीच विवाद हो गया था। पुलिस ने मौके महिला को समझाइश का प्रयास किया था, लेकिन महिला ने अपने हाथ में चप्पल उठा ली थी। इसी आरोप में महिला के खिलाफ पुलिस ने शांति भंग की धाराओं में मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया था। बाद में उसे रविवार को जमानत मिल सकी थी।
सपा प्रदेशाध्यक्ष खाद लेकर पहुंचे घर
किसान महिला को जेल भेजने का मामला सामने आने के बाद कांग्रेस पहले ही भाजपा सरकार को घेरे हुई है। वहीं, अब समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ मनोज यादव के नेतृत्व में कई समाजवादी नेता करैरा तहसील के छितरी गांव पहुंचे। यहां उन्होंने खाद के लिए जेल गई गोरा कुशवाहा जी से मुलाकात की और डीएपी और यूरिया खाद की बोरियां को उपलब्ध कराया।