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March 15, 2025, 10:20 am
KHABAR : आदिवासियों की अनूठी होली, 30 फीट की उंचाई पर हवा में लटककर लिए मन्नत के फेरे, जान का जोखिम में डाल सालों से निभा रहे परंपरा, पढे़ खबर 

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गुना। मध्य प्रदेश अपने अनोखे रीति रिवाजों और परंपराओं के लिए जाना जाता है। इसी बीच एमपी के गुना में भी आदिवासी समाज ने एक अनूठी परंपरा का निर्वाह किया। जिसमें मन्नत पूरी होने के बाद श्रद्धालुओं को लकड़ी पर बंधी रस्सी के सहारे झुलाया जाता है। यह परंपरा यहां भक्तिभाव से निभाई जाती है।


यह है परंपरा
होली के बाद पटेलिया समाज के लोग अपने कुल देवता लक्कड़ देवता की विशेष पूजा करते हैं। इस पूजा में समाज के लोग सामूहिक रूप से एकत्र होते हैं और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन करते हैं। समाज के बुजुर्गों के अनुसार यह परंपरा वर्षों पुरानी है और इसे पूरी आस्था के साथ निभाया जाता है। आयोजन की सबसे अनोखी और रोमांचक रस्म तब होती है, जब मन्नत पूरी होने पर समाज के लोग रस्सी से बंधकर 30 फीट ऊंचाई पर झूलते हैं।


इस परंपरा के तहत तीन, पांच, सात या अधिक बार हवा में घूमकर आस्था प्रकट की जाती है। लोगों का मानना है कि ऐसा करने से उनकी मनोकामनाएं पूरी होती हैं और वे अपने इष्ट देवता को धन्यवाद अर्पित करते हैं। पटेलिया समाज के लोग इस परंपरा को पीढ़ी दर पीढ़ी निभाते आ रहे हैं। समाज के वरिष्ठजन बताते हैं कि यह न केवल आस्था का प्रतीक है, बल्कि इससे समाज की एकजुटता भी बनी रहती है। इस मौके पर गांव के लोग बड़ी संख्या में एकत्र होते हैं और पूरे उत्साह के साथ इस रस्म को पूरा करवाते हैं।


बता दें कि इस अनूठी परंपरा को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग जुटते हैं और पूरे श्रद्धा भाव से इस आयोजन में भाग लेते हैं। समाज के अनुसार, जब तक उनकी आस्था बनी रहेगी, यह परंपरा भी जारी रहेगी।

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