चित्तौड़गढ़। श्री विद्या भारती संस्थान चितौड़गढ़ द्वारा संचालित एवं बस्सी नगर के भामाशाह बंशीलाल न्याती के आर्थिक सौजन्य से बाबा रामदेव सरस्वती संस्कार केंद्र बस्सी का शुभारंभ हुआ।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभाग प्रोढ़ कार्य प्रमुख कालू सिंह ने अपने उद्बोधन में संस्कार केंद्र का महत्व बताते हुए कहा की वर्तमान समय में परिवारों में आर्थिक समृद्धि तो आई है परंतु पाश्चात्य संस्कृति के प्रभाव से परिवार, समाज से मिलने वाले संस्कारों में बहुत कमी आई है। अच्छे संस्कारों से ही एक अच्छे चरित्र का निर्माण हो सकता है संस्कारों को भाषण या प्रवचन से विकसित नहीं किया जा सकता अपितु यह व्यवहार से विकसित होते हैं। इस संस्कार केंद्र के माध्यम से भैया बहिनों में छोटे-छोटे गुण विकसित होंगे जिससे आगे चलकर वे भारत के श्रेष्ठ नागरिक बनेंगे कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बस्सी खंड संघचालक मुकेश जागेटिया ने बाबा रामदेव का जीवन परिचय कराते हुए कहा कि देश में सामाजिक समरसता के क्षेत्र में उन्होंने अद्वितीय काम किया है स्वयं क्षत्रिय परिवार से होते हुए भी दीन, दुरूखी, अभावग्रस्त लोगों के मध्य कार्य किया व सभी में भाव जगाया कि हम सभी समान है कोई छोटा बड़ा नहीं है।संघचालक ने पूरे परिवार का धन्यवाद देते हुए कहा कि यह सुंदर प्रकल्प न्याती परिवार की प्रेरणा से प्रारंभ हुआ जो बस्ती में सामाजिक परिवर्तन का आधार बनेगा।
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि राजेश न्याती ने भैया बहिनों को पाठ्य सामग्री वितरित करते हुए कहा कि इस संस्कार केंद्र के माध्यम से हिंदुत्वनिष्ट, व्यक्तिगत एवं राष्ट्रीय चरित्र से उत्प्रोत, परिश्रमी संवेदनशील, सेवाभावी भैया बहिन का निर्माण हो सकेगा जिससे बस्ती में आत्मीयता की अविरल धारा प्रवाहित हो सकेगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता बंशीलाल न्याती ने की इस अवसर पर सेवा बस्ती के मदनलाल रेगर, लक्ष्मी लाल सोमानी, श्री राम सोमानी नरेंद्र कुमावत सहित समाज के प्रबुद्धजन उपस्थित थे।