BREAKING NEWS
BIG NEWS : नाकाबंदी तोड़कर भाग रहा था तस्कर, खाकी ने.. <<     KHABAR : मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त,.. <<     वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन देने के.. <<     BIG NEWS : नीमच में विद्युत वितरण कंपनी कल फिर.. <<     MANDI BHAV : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी मनासा के.. <<     KHABAR : महेश नवमी पर एमपीएल क्रिकेट लीग का आगाज, 15.. <<     रामद्वारा धाम विवाद पर नगर बंद, रतलाम के.. <<     वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन देने के.. <<     KHABAR : रतलाम सैलाना में रामद्वारा धाम विवाद पर.. <<     BIG NEWS : राजस्थान के चित्तौड़गढ़ में ऑपरेशन.. <<     BIG NEWS : मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव का संदेश-विकसित.. <<     NEWS : नारको कोऑर्डिनेशन सेंटर की बैठक संपन्न,.. <<     NEWS : आधार सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने ऑपरेटरों.. <<     वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन देने के.. <<     KHABAR : ग्लोबल फैटी लिवर दिवस पर जिला चिकित्सालय.. <<     KHABAR : सड़क न बनने तक गांव न आने की बात पर अडिग रहे.. <<     BIG REPORT : नीमच में पेयजल व्यवस्था सुधार के लिए 22.. <<     वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन देने के.. <<     BIG NEWS : जमीन दो या न्याय दो- प्रशासनिक दफ्तरों के.. <<     SHOK SAMACHAR : नहीं रहे रमेशचंद्र परिहार, परिवार में.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
July 28, 2025, 5:24 pm
NEWS : संसार में जितनी कम अपेक्षाएँ होगी उतना ही जीवन सुखमय होगा- संत दिग्विजय राम, पढे़ रेखा खाबिया की खबर 

Share On:-

चित्तौड़गढ़। जीवन में अपेक्षा नहीं करना। संसार में जितनी कम अपेक्षाएँ होगी उतना ही जीवन सुखमय होगा। उक्त विचार रामद्वारा चित्तौड़गढ़ में चल रहे चातुर्मास में रमताराम महाराज के शिष्य दिग्विजय राम महाराज ने अपने प्रवचन में व्यक्त किये।


उन्होंने कहा कि गुरू कृपा से ही नाभा जी महाराज ने भक्तों को पार किया। मानश्री सेवा से सागर नाव को आसानी से पार कर लिया। संतकृपा के कारण ही नाभा जी महाराज को दिव्यदृष्टि प्राप्त हुई। स्वामी रामचरण जी महाराज की वाणी में भी बताया गया कि संतो का प्रसाद ग्रहण होने से जीवन रोग, दोष, शोक का निवारण कर देता है। सबसे बड़ा संत है, उसमें भी बड़ा भक्त है। भगवत प्रसाद में ही शीत प्रसादी का अति महत्व प्रदान किया है। भगवान का चरित्र भक्तों की भक्ति की महिमा बड़ी विलक्षण है। जिसका वर्णन नहीं किया जा सकता है। भक्तों के चरित्र का में भाव नहीं लगा सकता। वृंदावन में एक भक्त रात में 12 बजे भोग लगाता, वह अलबेला भक्त अलग ही था।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE