पिपलियामंडी। आर्य समाज पिपलियामंडी द्वारा रक्षाबंधन से जन्माष्टमी तक चल रहे आठ दिवसीय वेद प्रचार सप्ताह का समापन हुआ। इस अवसर पर प्रातः 8 बजे से आर्य समाज मंदिर परिसर में पूर्णाहुति कार्यक्रम का आयोजन हुआ। कार्यक्रम में श्रद्धालुजनो ने बड़ी संख्या में भाग लिया और धार्मिक अनुष्ठानों के साथ आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव किया।
आयोजन की विशेषता यह रही कि 125 वर्षीय संत स्वामी सर्वानंद जी महाराज ने अपने आशीर्वचन प्रदान किए। उनके उद्बोधन से श्रद्धालुओं को वेद, धर्म और समाज सेवा के पथ पर चलने की प्रेरणा मिली। कार्यक्रम में मुकेश जी आर्य शाजापुर वाले के आचार्यत्व में यज्ञ संपन्न हुआ, श्री आर्य ने योगेश्वर भगवान श्री कृष्णा के जीवन को महाभारत से साभार कर उनके जीवन की कई महत्वपूर्ण घटनाओं की जानकारी प्रदान कर उनके द्वारा बताए गए मार्ग पर चलने का आह्वान किया, श्री अर्जुन जी आर्य ने भगवान कृष्ण के मूल स्वरूप का वर्णन कर महर्षि दयानंद के ऊपर सुमधुर भजन प्रस्तुत किया। वहीं सत्येंद्र आर्य ने यज्ञमानत्व किया। इस अवसर पर वैदिक रीति से यज्ञ का आयोजन हुआ, जिसमें सामाजिक समरसता और विश्व शांति की कामना की।
आर्य समाज पिपलियामंडी के पदाधिकारि वेदप्रकाश आर्य (प्रधान) भोलाराम माली (मंत्री) रामगोपाल लोहार (कोषाध्यक्ष) नरेश पाटीदार (प्रचार मंत्री) अर्जुन चावडा ने जानकारी देते हुए बताया कि वेद प्रचार सप्ताह के अंतर्गत प्रतिदिन यज्ञ और धार्मिक एवं आध्यात्मिक भजन-प्रवचन का आयोजन किया गया, जिसमें नगर सहित आसपास के क्षेत्र से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर धर्मलाभ लिया। अंतिम दिन जन्माष्टमी के पावन अवसर पर आयोजित पूर्णाहुति कार्यक्रम से आयोजन का समापन हुआ अंत में श्री इंद्रदेव गुर्जर दुध वाले ने आभार व्यक्त किया।