शाजापुर। नगर के साहित्यिक परिवेश को समृद्ध करने वाला एक गरिमामयी आयोजन दिनांक 17 दिसम्बर 2025 को पेंशनर्स महोत्सव के अंतर्गत मल्हार गार्डन, शाजापुर में संपन्न हुआ। देश के वरिष्ठ एवं प्रतिष्ठित साहित्यकार-कवि डॉ. दुर्गाप्रसाद झाला के नवीनतम काव्य-संग्रह “जीवंत जीवन” का भव्य लोकार्पण समारोह साहित्यप्रेमियों की उपस्थिति में आयोजित किया गया।
काव्य-संग्रह का लोकार्पण माननीय न्यायमूर्ति (से.नि.) अमरनाथ केसरवानी की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुआ। अपने उद्बोधन में उन्होंने कृति की सराहना करते हुए कहा कि “जीवंत जीवन” मानवीय संवेदनाओं, अनुभवों और जीवन मूल्यों का सशक्त काव्यात्मक दस्तावेज है।
समारोह में अखिल भारतीय साहित्य परिषद, शाजापुर के जिलाध्यक्ष जितेन्द्र देवतवाल ‘ज्वलंत’ ने सभी साहित्यप्रेमियों को संबोधित करते हुए कहा कि यह कृति समकालीन हिंदी साहित्य में एक महत्वपूर्ण योगदान है। कार्यक्रम में प्रौग्रेसिव पेंशनर्स एसोसिएशन, शाजापुर के अध्यक्ष राजेन्द्र रिणवा ने कहा की संग्रह की कविताएँ मानवीय अनुभवों की सजीव अभिव्यक्ति हैं।
इस अवसर पर योगेश उपाध्याय ने कहा कि “जीवंत जीवन” में सामाजिक यथार्थ का स्पष्ट प्रतिबिंब दिखाई देता है। डॉ. जगदीश भावसार, कुसुम जैन सहित नगर के अनेक साहित्यकार, बुद्धिजीवी एवं सुधी पाठक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।