रतलाम। पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक विवेक कुमार गुप्ता ने मुख्यालय के विभाग प्रमुखों के साथ रतलाम मंडल के नीमच-चित्तौड़गढ़ रेल खंड का वार्षिक संरक्षा निरीक्षण किया। निरीक्षण का उद्देश्य रेल संरक्षा मानकों की समीक्षा, परिचालन व्यवस्थाओं का आकलन तथा यात्री सुविधाओं एवं अवसंरचना विकास कार्यों की प्रगति की जांच करना रहा।
निरीक्षण के दौरान गुप्ता ने चित्तौड़गढ़ रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म, सर्कुलेटिंग एरिया, क्रू लॉबी, रनिंग रूम, हेल्थ यूनिट, नवनिर्मित एमओटी (पर्यटन मंत्रालय) भवन, दुर्घटना राहत ट्रेन (एआरटी) एवं दुर्घटना राहत चिकित्सा उपकरण (एआरएमई) का गहन निरीक्षण किया।
इसके पश्चात बिलसवास कलां स्टेशन पर माइनर रेलवे कॉलोनी, प्वाइंट, गैंग टूल रूम एवं रेलवे ट्रैक का निरीक्षण किया गया। नीमच रेलवे स्टेशन पर अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत चल रहे विकास कार्यों, रेलवे कॉलोनी, रेलवे सुरक्षा बल बैरक, गुड्स शेड सहित अन्य लोकेशनों का अवलोकन किया गया। महाप्रबंधक ने कहा कि नीमच स्टेशन का हेरिटेज स्वरूप बनाए रखते हुए आधुनिक सुविधाओं का बेहतर विकास किया गया है।
नीमच-रतलाम दोहरीकरण परियोजना के तहत मंदसौर के समीप निर्माणाधीन शिवना ब्रिज का निरीक्षण कर कार्यों को निर्धारित समय में पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। मंदसौर से ढोढर के मध्य ब्रिज संख्या 370 से कर्व संख्या 104 तक लगभग 41 किलोमीटर खंड में 120 किमी प्रति घंटे की गति से स्पीड ट्रायल भी किया गया।
संरक्षा निरीक्षण के दौरान दो समपार फाटक, एक लिमिटेड हाइट सबवे (एलएचएस), माइनर एवं मेजर ब्रिज तथा कर्व का भी निरीक्षण किया गया। उत्कृष्ट कार्यों की सराहना करते हुए आवश्यक सुधारात्मक निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए।
इस अवसर पर मुख्यालय के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (निर्माण) विनीत गुप्ता, प्रमुख मुख्य परिचालन प्रबंधक वी.ए. मालेगांवकर, प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर रजनीश कुमार गोयल, प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर रविंदर कुमार वर्मा, प्रमुख मुख्य संकेत एवं दूरसंचार इंजीनियर रजनीश कुमार, प्रमुख मुख्य संरक्षा अधिकारी नीरज वर्मा, प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबंधक तरुण जैन, प्रमुख मुख्य सुरक्षा आयुक्त अजय सादानी, प्रमुख मुख्य इंजीनियर अमित गुप्ता, मंडल रेल प्रबंधक अश्वनी कुमार सहित मंडल के सभी शाखाधिकारी एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।