देवास। गुरु गोविंद सिंह जी के पावन प्रकाश पर्व के अवसर पर सिख समाज द्वारा बड़े ही श्रद्धा, उत्साह और धार्मिक उल्लास के साथ भव्य नगर कीर्तन निकाला गया। नगर कीर्तन एबी रोड स्थित गुरुद्वारे से प्रारंभ होकर शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए निकला, जिसमें बड़ी संख्या में सिख संगत सहित सर्व समाज के श्रद्धालु शामिल हुए।
नगर कीर्तन के दौरान शहर का वातावरण पूरी तरह गुरु भक्ति में डूबा नजर आया। जगह-जगह सामाजिक संगठनों एवं नागरिकों द्वारा पुष्प वर्षा कर नगर कीर्तन का स्वागत किया गया। नगर कीर्तन में निकली पालकी के दर्शन कर श्रद्धालुओं ने गुरु महाराज से आशीर्वाद प्राप्त किया।
नगर कीर्तन की विशेष बात यह रही कि पालकी के आगे सिख समाज की महिलाएं हाथों में झाड़ू लेकर सेवा भाव के साथ चलती नजर आईं। यह दृश्य गुरु परंपरा में निहित सेवा, विनम्रता और समर्पण का जीवंत प्रतीक बना। महिलाओं द्वारा कीर्तन करते हुए नगर कीर्तन में सहभागिता ने पूरे आयोजन को और अधिक भावनात्मक व पवित्र बना दिया।
सिख समाज के वरिष्ठजनों ने कहा कि गुरु गोविंद सिंह जी का जीवन त्याग, साहस और मानवता की रक्षा का अद्भुत संदेश देता है। उनका प्रकाश पर्व हमें सेवा, समानता और भाईचारे के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। नगर कीर्तन के माध्यम से गुरु महाराज की शिक्षाओं को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया गया।
नगर कीर्तन में शामिल श्रद्धालुओं ने भावुक होकर कहा कि पालकी के दर्शन होते ही मन श्रद्धा से भर जाता है और आंखें नम हो जाती हैं। वहीं स्थानीय नागरिकों ने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजनों से समाज में प्रेम, सद्भाव और सामाजिक समरसता मजबूत होती है।
नगर कीर्तन शांतिपूर्ण, अनुशासित और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ, जिसने पूरे शहर को गुरु भक्ति और सेवा भावना से जोड़ दिया।