नीमच। पुलिस अधीक्षक अंकित जायसवाल के निर्देशन में तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नवल सिंह सिसौदिया, नगर पुलिस अधीक्षक नीमच, अनुविभागीय अधिकारी पुलिस जावद एवं मनासा के मार्गदर्शन में जिले के सभी थाना एवं चौकी प्रभारियों के नेतृत्व में वर्ष 2025 के दौरान कानून व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, अपराधों की पतारसी एवं सामुदायिक पुलिसिंग के तहत प्रभावी कार्रवाई की गई। इसके परिणामस्वरूप जिले में अपराधों पर नियंत्रण रहा और कानून व्यवस्था से जुड़ी कोई बड़ी घटना सामने नहीं आई। इससे अपराधियों में पुलिस का भय और आम जनता में विश्वास बढ़ा है।
पुलिस के अनुसार वर्ष 2025 में पिछले वर्षों की तुलना में अपराधों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई। भारतीय न्याय संहिता के तहत दर्ज अपराधों में वर्ष 2023 की तुलना में 12 प्रतिशत तथा वर्ष 2024 की तुलना में 9 प्रतिशत की कमी आई है। हत्या, संपत्ति संबंधी अपराध, महिलाओं के साथ बलात्कार, छेड़छाड़ एवं बलवा जैसी घटनाओं में भी गिरावट दर्ज की गई।
लूट, चोरी, वाहन चोरी एवं नकबजनी के मामलों में 65 प्रतिशत प्रकरणों में आरोपियों की पतारसी करते हुए 65 प्रतिशत चोरी गई संपत्ति बरामद की गई। ऑपरेशन मुस्कान के तहत डोर-टू-डोर अभियान चलाकर 95 प्रतिशत मामलों में नाबालिगों की दस्तयाबी की गई। वहीं नवंबर 2025 में चलाए गए विशेष अभियान के दौरान 150 लंबे समय से गुम महिला-पुरुषों को दस्तयाब किया गया, जिनमें वर्ष 2008 से लापता एक नाबालिग बालिका की करीब 17 वर्ष 6 माह बाद दस्तयाबी भी शामिल है।
महिलाओं एवं बालिकाओं के विरुद्ध अपराधों को रोकने के लिए संवेदनशील स्थलों पर प्रकाश व्यवस्था एवं सीसीटीवी कैमरे लगाए गए तथा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। लघु अधिनियम के तहत की गई कार्रवाई में वर्ष 2023 की तुलना में 12 प्रतिशत और 2024 की तुलना में 4 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
पुलिस ने लंबे समय से फरार गैर-जमानती वारंटियों की धरपकड़ करते हुए गिरफ्तारी वारंटों में 92 प्रतिशत तथा स्थायी वारंटों में 25 प्रतिशत तामिली सुनिश्चित की। सड़क दुर्घटनाओं में वर्ष 2023 की तुलना में 12 प्रतिशत और 2024 की तुलना में 16 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई।
आपराधिक गतिविधियों में लिप्त 55 आदतन अपराधियों के विरुद्ध जिला बदर के प्रस्ताव प्रस्तुत किए गए, जबकि 2 आदतन अपराधियों के खिलाफ रासुका के तहत कार्रवाई की गई। चैन स्नेचिंग गिरोह का पर्दाफाश कर तीन घटनाओं में लूटी गई तीन सोने की चेन जब्त की गईं।
अपराधों में कमी लाने एवं पुलिस की दृश्यता बढ़ाने के लिए प्रतिदिन शाम 5 से 11 बजे तक 28 स्थानों पर फिक्स प्वाइंट लगाए गए, जिससे संपत्ति संबंधी अपराधों में कमी आई। अवैध मादक पदार्थों की खेती का पता लगाने के लिए ड्रोन सर्वे कराया गया, जिसमें एक अफीम और तीन गांजे के खेत चिन्हित कर एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। नशे की पुड़िया सप्लाई करने वाले 17 पेडलरों के विरुद्ध 8 प्रकरणों में कार्रवाई की गई।
शहर में हुई चोरियों में प्रभावी कार्रवाई करते हुए चार अंतर्राज्यीय नकबजन गिरोहों को पकड़ा गया और चोरी गया माल बरामद किया गया। आमजन की समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए प्रत्येक मंगलवार को जिला स्तर पर जनसुनवाई आयोजित की गई। वर्ष 2025 में सीएम हेल्पलाइन के तहत शिकायतों के निराकरण में जिला नीमच प्रदेश के प्रथम 10 जिलों में शामिल रहा।
अपराध नियंत्रण एवं पुलिस की प्रभावी निगरानी के लिए ‘ऑपरेशन नीमच आई’ के तहत जनसहयोग से 2016 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए, जिससे अपराधों में कमी आई और घटित अपराधों में आरोपियों की पहचान व पतारसी में सहायता मिली।