माउंट आबू। इतिहास पुराणों में ऐतिहासिकता से भरा पड़ा है। विश्व प्रसिद्ध दिलवाड़ा मंदिर पर 1100 साल पूर्व चोपन करोड़ खर्च हुए थे जो वंडर ऑफ द वर्ल्ड है, भगवान राम ने अपने चारों भाइयों के साथ माउंट आबू में वशिष्ठ आश्रम में शिक्षा प्राप्त की थी, वही दुनिया के अकेले राम माउंट आबू में है, तो माउंट आबू को अर्ध काशी कहा जाता है जहां शिव ने अपना अंगूठा फैलाया था और माउंट आबू शिव की अप नगरी है। जहां राजस्थान भजनलाल सरकार इस साल के बजट में माउंट आबू के पर्यटन स्थलों के विकास के लिए 36 करोड़ 26 लाख के प्रावधान रखे हैं और एक करोड़ 85 लाख के कार्य चल रहे हैं। ऐसे में रोटरी क्लब इंटरनेशनल अर्बूदांचल माउंट आबू ने माउंट आबू के पर्यटन को बढ़ाने के लिए एक अनूठी पहल की है। पुणे महाराष्ट्र से रोटरी इंटरनेशनल डिस्ट्रिक्ट महाराष्ट्र के पदाधिकारीयो की एक विशाल कर रैली आज माउंट आबू पहुंची। माउंट आबू के हृदय स्थल नक्की झील पर भारत माता नमन स्थल पर इसका भव्य स्वागत किया गया। पर्यावरण संरक्षण, माउंट आबू की ऐतिहासिकता, और महाराष्ट्र के इतिहास के साथ अनूठा संगम लेकर यह चाली यात्रा पर्यटकों के भी आकर्षण का केंद्र बनी रही। इस कार रैली में रोटरी इंटरनेशनल डिस्ट्रिक्ट पुणे के डिस्ट्रिक्ट गवर्नर सहित पदाधिकारी, उनके परिवार महिलाएं भी शामिल थी जिनकी संख्या 200 से अधिक थी।