नीमच। ग्लोबल फैटी लिवर दिवस के अवसर पर जिला चिकित्सालय नीमच में निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर एवं विशेष जागरूकता अभियान का आयोजन किया गया। शिविर के दौरान 102 मरीजों की फैटी लिवर स्क्रीनिंग एवं फॉलोअप किया गया। साथ ही नागरिकों को फैटी लिवर रोग के प्रति जागरूक करते हुए समय पर जांच और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया गया।
एनसीडी नोडल अधिकारी डॉ. मनीष यादव ने शिविर में उपस्थित मरीजों को फैटी लिवर की जांच, संतुलित एवं पौष्टिक आहार, नियमित व्यायाम तथा स्वस्थ दिनचर्या के महत्व की जानकारी दी। उन्होंने जिला चिकित्सालय में उपलब्ध फैटी लिवर संबंधी निःशुल्क जांच सुविधाओं के बारे में भी बताया।
डॉ. यादव ने कहा कि फैटी लिवर एक साइलेंट डिजीज है, जिसके शुरुआती चरण में सामान्यतः कोई स्पष्ट लक्षण दिखाई नहीं देते। समय पर पहचान और उपचार नहीं होने पर यह लिवर सिरोसिस, लिवर फेल्योर और लिवर कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है।
शिविर में नागरिकों को संतुलित भोजन, नियमित व्यायाम, वजन नियंत्रण, धूम्रपान व शराब से दूरी तथा नियमित स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी गई। विशेषज्ञों ने बताया कि जागरूकता और जीवनशैली में सकारात्मक बदलाव से फैटी लिवर जैसी बीमारी से बचाव संभव है।
जिला चिकित्सालय द्वारा भविष्य में भी गैर-संचारी रोगों के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने तथा निःशुल्क जांच एवं परामर्श सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए ऐसे शिविरों का आयोजन जारी रखा जाएगा।