गुना | मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया शनिवार को दिग्विजय सिंह के गृहनगर राघोगढ़ में हैं। वे यहां लाड़ली बहना सम्मेलन में भाग लेने पहुंचे हैं। यह पहली बार है जब CM और सिंधिया एक साथ दिग्विजय के गढ़ में हैं। इससे पहले सिंधिया ने सिर्फ एक बार राघोगढ़ में सभा की है। CM भी 2018 के बाद अब राघोगढ़ आए हैं।
शुक्रवार को आदिवासियों के साथ डांस के बाद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने शनिवार को हम होंगे कामयाब... गाना गाया। वे गुना शहर के मानस भवन में रजक समाज के कार्यक्रम में शामिल हुए। सिंधिया ने कहा कि प्रधानमंत्री का संकल्प है इस देश को इसी सदी में विश्वगुरु बनाना। हम एक दिन जरूर कामयाब होंगे।
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एक समय दिग्विजय सिंह के राइट हैंड माने जाने वाले हीरेंद्र सिंह ने स्वागत भाषण दिया। उन्होंने कहा- इसी जगह के रहने वाले 10 साल से मुख्यमंत्री रहे, लेकिन क्षेत्र का विकास नहीं हुआ। जो भी विकास हुआ है, भाजपा की सरकार में हुआ है।
134 करोड़ के विकास कार्यों का लोकार्पण/भूमिपूजन करेंगे CM
सिंधिया राघोगढ़ के ITI कैम्पस में 134 करोड़ के विकास कार्यों का लोकार्पण/भूमिपूजन भी करेंगे।
इनमें 7.40 करोड़ के 6 निर्माण कार्य का लोकार्पण शामिल है।
126.72 करोड़ के 70 निर्माण कार्यों का भूमिपूजन होगा।
2021 में पार हुई थी 'लक्ष्मण रेखा'
कांग्रेस में रहते हुए ज्योतिरादित्य सिंधिया और दिग्विजय सिंह के बीच गुना जिले में एक लक्ष्मण रेखा खिंची हुई थी। उस समय यह मुहावरा प्रचलित था- चौपेट के इस पर सिंधिया, उस पर दिग्विजय। दोनों ही इस लक्ष्मण रेखा पर अमल भी करते थे। लेकिन, सिंधिया के भाजपा में जाने के बाद यह लक्ष्मण रेखा टूट गई। 2021 के नवंबर महीने में सिंधिया ने पहली बार राघोगढ़ में सभा की। उस समय उन्होंने 'किले' को बड़ा झटका देते हुए दिग्विजय सिंह के राइट हैंड माने जाने वाले हीरेंद्र सिंह को भाजपा में शामिल करा लिया था। इससे पहले 2020 के उपचुनाव में सिंधिया के 'इलाके' में दिग्विजय सिंह ने भी एंट्री करते हुए चुनावी सभाएं कीं।