BREAKING NEWS
NMH MANDI : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी नीमच के.. <<     MANDI BHAV : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी मनासा के.. <<     KHABAR : लंबित शिकायतों के निराकरण में लापरवाही.. <<     KHABAR : एसपी राजेश व्यास ने जनसुनवाई में सुनी 76.. <<     KHABAR : वंदे मातरम् के अधूरे गायन पर भाजपा का.. <<     BIG NEWS : नीमच में नशे के सौदागरों पर पुलिस का बड़ा.. <<     KHABAR : तीन पीड़ित परिवारों को 12 लाख रुपये की.. <<     REPORT : पाडलघाटी उप स्वास्थ्य केंद्र और मेडिकल.. <<     KHABAR : सफलता की कहानी- पंख अभियान से मिली नई उड़ान,.. <<     NEWS : आपातकालीन स्थिति से निपटने हेतु.. <<     लंबित छात्रवृत्ति की मांग को लेकर नर्सिंग.. <<     KHABAR : चार माह से सड़क की मरम्मत नहीं, गड्ढों से.. <<     REPORT : कर्मचारियों और पेंशनरों की लंबित मांगों.. <<     जर्जर पुलिया से परेशान दयालपुरा के ग्रामीण,.. <<     दतिया में शासकीय क्वार्टर खाली कराने पहुंचा.. <<     BIG NEWS : रक्षाबंधन पर लाड़ली बहनों को बड़ा तोहफा,.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
July 10, 2023, 6:47 pm
KHABAR : आशा कार्यकर्ता राज्य सरकार 10 हजार नियत मानदेय देने की कर रही मांग, मप्र सरकार 75 हजार आशा कार्यकर्ताओं की बुलाएगी पंचायत, क्या है वजह, पढ़े खबर 

Share On:-

  भोपाल | इस साल मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में सरकार लगातार महिलाओं के हित के लिए कई तरह के प्रयास कर रही है। अबआंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और संविदा कर्मचारियों के बाद सरकार आशा कार्यकर्ताओं के लिए पंचायत बुलाने का प्लान बना रही है। दरअसल, आशा कार्यकर्ता राज्य सरकार 10 हजार नियत मानदेय देने की मांग कर रही है लेकिन इस मांग को अब तक पूरा नहीं किया जा सका। ऐसे में आशा कार्यकर्त्ता लगातार इसकी मांग सरकार से करती आ रही है।

अभी तक उन्हें सिर्फ दो हजार रुपये नियत और प्रोत्साहन राशि दी जाती है। ऐसे में अपनी मांगों को पूरा करवाने के लिए आशा कार्यकर्ताओं के चार संगठनों ने महासंघ बना लिया। अब कहा जा रहा है कि मध्यप्रदेश सरकार जल्द ही इन आशा कार्यकर्ताओं के साथ मुलाकात कर सकती है। इतना ही नहीं इसके लिए पंचायत भी बुलाई जा सकती है। हालांकि अभी इसकी तारीख तय नहीं की गई है लेकिन जल्द ही हो सकती है।

गौरतलब है कि अब तक कई बाद अधिकारियों ने धरना प्रदर्शन भी किया लेकिन उसका कोई फायदा नहीं हुआ। न ही उनकी मांगों को माना गया न ही उन्हें कोई सटीक जवाब दिया गया। ऐसे में सभी नाराज है। मध्यप्रदेश में आशा कार्यकर्ताओं की संख्या 75 हजार से ज्यादा है। ऐसे में चुनाव में उन्हें खुश करने का प्लान सरकार बना रही है। ऐसे में कहा जा रहा है कि सरकार इन्हें खुश करने के लिए नियत मानदेय देने की घोषणा कर सकती है।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE