देवास। भारत शासन और राज्य शासन से प्राप्त दिशा निर्देशानुसार निर्धारित मापदण्ड अनुसार कलेक्टर ऋषव गुप्ता के मार्गदर्शन में देवास जिले की स्वास्थ्य संस्थाओं/अस्पतालों का सम्पूर्ण कायाकल्प किया जा रहा है। चिकित्सा स्वास्थ्य सेवाएं बढाकर आम नागरिको के लिए आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाओं को सुदृढ़ किया जा रहा है। भारत सरकार द्वारा देवास जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बागली और सिविल अस्पताल कन्नौद ने भी लक्ष्य कार्यक्रम अंतर्गत का लक्ष्य राष्ट्रीय मुल्यांकन में राष्ट्रीय प्रमाणन (नेशनल सर्टिफिकेशन) प्राप्त कर लिया है।
भारत सरकार से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बागली और सिविल अस्पताल कन्नौद को राष्ट्रीय लक्ष्य अवार्ड मिलने पर कलेक्टर गुप्ता ने स्वास्थ्य विभाग की टीम को बधाई दी। जिला अस्पताल सहित अन्य स्वास्थ्य संस्थाओं में चिकित्सक स्टॉफ द्वारा बहुत अच्छे से गुणवत्तापूर्ण उपचार दिया जा रहा है। वर्तमान मे जिला अस्पताल में बेड क्षमता से ज्यादा डिलेवरी हो रही है, एसएनसीयू, एएनआरसी, लेबर रूम सहित सभी सेक्शन में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जा रही। भारत सरकार द्वारा देवास जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बागली और सिविल अस्पताल कन्नौद ने भी लक्ष्य कार्यक्रम अंतर्गत का लक्ष्य राष्ट्रीय मुल्यांकन में राष्ट्रीय प्रमाणन (नेशनल सर्टिफिकेशन) मिलना हमारे लिए गोरव की बात है। स्वास्थ्य विभाग कि टीम सदस्य प्रशंसा के पात्र है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ विष्णुलता उईके ने बताया कि लक्ष्य कार्यक्रम अंतर्गत भारत सरकार की टीम से राष्ट्रीय मुल्याकनकर्ता डॉ के श्रीनिवास वर्मा आन्ध्र प्रदेश एवं डॉ आशीष शर्मा छत्तीसगढ़ संयुक्त टीम द्वारा 15 सितम्बर 2023 को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बागली और 16 सितम्बर 2023 को सिविल अस्पताल कन्नौद में लक्ष्य का राष्ट्रीय लक्ष्य मूल्यांकन किया गया था। लक्ष्य कार्यक्रम के तहत लेबर रूम मे गुणवत्ता सुधार की पहल है। जिसका उद्देश्य इंट्रापार्टम और तत्काल पोस्ट-पार्टम अवधि के दौरान माताओं और नवजात शिशु की देखभाल की गुणवत्ता मे सुधार को देखा जाता है। लक्ष्य कार्यक्रम के तहत गुणवत्ता प्रमाणन के लिए अस्पताल में मरीजों को दी जा रही सेवाओं का सूक्ष्म रूप से निरीक्षण किया गया दल के द्वारा ओपीडी, मेडिसिन वितरण, लैब जनरल वार्ड, मेटरनिटी वार्ड, लेबर रूम आदि का निरीक्षण कर इनसे संबंधित दस्तावेजों की जांच की गई निरीक्षण के दौरान पाई गई, पीएनसी वार्ड का निरीक्षण, भर्ती मरीजों से संवाद कर मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी ली और प्रसुति कक्ष की निर्धारित मापदण्ड अनुसार मूलभूत सुविधाओं को देखा, लेबर रूम इंचार्ज से चर्चा की शासन स्तर से प्रसुता महिलाओं को दी जाने वाली सेवाओं की जानकारी ली, रिकार्ड का भौतिक सत्यापन किया गया था। राष्ट्रीय मुल्याकनकर्ता द्वारा फिडबेक दौरान बताया गया था कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बागली में सीमित मानव संसाधन एवं इन्फ्रास्ट्रचर होने के बाद भी उत्तम स्वास्थ्य सेवाएं गर्भवती माताओं बच्चों एवं सामान्य मरीजों को दी जाकर आकस्मिक चिकित्सा नियमानुसार प्रदान की जा रही है। निरीक्षण के दौरान अन्य स्टॉफ का सहयोग एवं कार्य सराहनीय रहा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ विष्णुलता उईके एवं सिविल सर्जन डॉ एम.पी.शर्मा ने राष्ट्रीय लक्ष्य मूल्यांकन के दौरान उपस्थित रहकर निर्धारित मापदण्ड अनुसार उत्तम कार्य करने सहयोग कर्मचारियो को सहयोग प्रदान करने मे जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ अशोक वर्मा, बागली बीएमओं डॉ हेमन्त पटेल, बीएमओं डॉ. लोकेश मीणा इस अवसर पर लक्ष्य की ओर लगातार मार्गदर्शन करने के लिए डॉ.अर्चना मिश्रा, प्राची और राज्य एमएच टीम को धन्यवाद दिया, राष्ट्रीय लक्ष्य मूल्यांकन के दौरान जिला कार्यक्रम प्रबंधक कामाक्षी दूबे, डीपीएचएनओ सुनिता सक्सेना, एमएच समन्वयक आंतरिक मूल्यांकनकर्ता अंकित, नेहा और आईपीएएस समन्वयक विदिश कुलकर्णी, मेरी थॉमस, डॉ.दीपक यादव डॉ राजकुमार बारवाल, डॉ तरुण सुमन, डॉ. नंदिनी ठाकुर, वंदना मंडलोई, सुषमा विश्वकर्मा, हरीश शर्मा, बलराम बेनीवाल, दिनेश शर्मा, दिनेश साहू एवं अन्य सभी चिकित्सक स्टॉफ को धन्यवाद और बधाई दी।