बड़वानी। मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ द्वारा कर्मचारियों की मांगों को लेकर कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंच। सीएम के नाम नायाब तहसीलदार को 33 सूत्रीय मांगों को लेकर ज्ञापन दिया गया। मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ के ब्लॉक अध्यक्ष हरीश शर्मा ने बताया कि मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ द्वारा प्रदेश के अधिकारियों-कर्मचारियों की मांगों को लेकर कई बार सरकार और जिला प्रशासन को आवेदन ज्ञापन के माध्यम से अवगत कराया जाता रहा है।
आज तक हमारी मांगों को लेकर शासन और प्रशासन ने कोई गंभीरता नही दिखाई। पूरी भारत वर्ष में मध्यप्रदेश इकलौता राज्य बन गया है। जहां पिछले सात सालों से प्रदेश के अधिकारियों-कर्मचारियों की पदोन्नति रुकी हुई है। जिससे प्रदेश के अधिकारियों में दिन प्रतिदिन निराशा बढ़ने से शासकीय कार्यों पर भी विपरीत प्रभाव पड़ रहा है।उन्होंने कहा- आज हमने अपनी मांगों को ज्ञापन सौंपा है। जिसमें हमारी प्रमुख मांग यह है कि मध्यप्रदेश में पुरानी पेंशन योजना वरिष्ठता के साथ लागू कि जाए। प्रदेश के अधिकारियों कर्मचारियों की पदोन्नतियां माननीय सर्वाेच्च न्यायालय मे दायर याचिका के अधीन उल्लेखित कर जल्द प्रारंभ की जाए। जैसा कि पशुपालन विभाग के संचालक के पदोन्नति आदेश में उल्लेख किया गया है।
प्रदेश के अधिकारियों कर्मचारियों और पेंशनरों को केंद्र के समान महंगाई भत्ता देते हुए एरियर्स की राशि का भुगतान किया जाए।