भोपाल। श्रीजी मंदिर लखेरापुरा भोपाल में विगत 20 दिन से चल रहे दान उत्सव का बुधवार को बड़ी (सांझी) रंगोली के साथ समापन किया गया। जिसमें प्रभु श्रीनाथजी को लाल वस्त्र के पहनाए गए, साथ ही सिर पर मोर पंख लगाकर सोने के आभूषणों से श्रृंगार किया गया। इसके बाद उन्हें चांदी के सिंहासन पर विराजमान किया गया।
मंदिर के मुखिया श्रीकांत शर्मा ने बताया कि संध्या काल में प्रभु के सामने 50 किलो फूल एवं गुलाल से बनी बड़ी सांझी बनाई गई, जिसमें गुलाब, गेंदा, चंपा, घास, पत्तियां का इस्तेमाल किया गया। रंगोली में मोर, तोता, गिरिराज जी एवं ब्रज की अनेकों लीलाएं बनाई गई। इस दौरान प्रभु को दूध से बनी सामग्री का भोग लगाया गया। आरती के बाद प्रसाद वितरण किया गया। गुरूवार से एकादशी ताक्षी यमुना जी गुणगान महोत्सव प्रारंभ हो जाएगा जिसमें यमुना जी के 41 पद का पाठ एवं आरती की जाएगी।