भोपाल। मध्य प्रदेश कांग्रेस ने मतपत्र से उपचुनाव की मांग की है। चुनाव आयोग की बुलाई गई बैठक में कांग्रेस ने यह मांग रखी है। कहा कि सिर्फ दो विधानसभा में उपचुनाव है, इसलिए ईवीएम से मतदान न कराकर मत पत्र से मतदान कराया जाए। वहीं कांग्रेस ने तीन साल से जमे अधिकारियों की सूची भी मांगी है।
मतपत्र से मतदान की मांग
एमपी के बुधनी और विजयपुर उपचुनाव को लेकर इलेक्शन कमीशन ने बैठक बुलाई। इस मीटिंग में कांग्रेस ने मतपत्र से उपचुनाव कराने की मांग की है। इसके साथ ही तीन साल से जमे अफसरों की सूची भी मांगी है। कांग्रेस का कहना है कि प्रदेश में सिर्फ दो विधानसभा सीट पर उपचुनाव होना है। इसलिए ईवीएम से मतदान न कराकर मतपत्र से मतदान कराया जाए।
पूर्व केंद्रीय मंत्री के आवास पर बैठक
इधर, दो दिवसीय बुधनी विधानसभा क्षेत्र के दौरे के बाद बैठक हुई। राजधानी भोपाल में पूर्व केंद्रीय मंत्री व पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरुण यादव के आवास पर बैठक हुई। जिसमें बुधनी उपचुनाव में संयोजक अरुण यादव, सदस्य सज्जन सिंह वर्मा, शैलेंद्र पटेल मौजूद रहे।
अरुण यादव ने कही ये बात
पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव ने कहा कि उपचुनाव को लेकर हमने लगातार क्षेत्र में जाकर कार्यकर्ता के मन की बात जानी है। ब्लॉक स्तर पर जाकर कार्यकर्ताओं से चर्चा की है। दावेदारों के नाम लेकर आए है। गुरुवार को प्रदेश अध्यक्ष के साथ एक बार और चर्चा की जाएगी। जल्द ही कांग्रेस पार्टी उम्मीदवार घोषित करेगी।
13 को मतदान, 23 नवंबर को रिजल्ट
गौरतलब है कि कल मंगलवार को केंद्रीय चुनाव आयोग ने मध्य प्रदेश के 2 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की तारीख का ऐलान किया है। बुधनी और विजयपुर सीट पर 13 नवंबर को मतदान होगा। 18 अक्टूबर को नोटिफिकेशन जारी होगा। नामांकन जमा करने की आखिरी तारीख 25 अक्टूबर है। 28 अक्टूबर को स्क्रूटनी होगी। 30 अक्टूबर को नाम वापसी की आखिरी है। वहीं 23 नवंबर को मतगणना होगी।
विजयपुर से प्रत्याशी घोषित, बुधनी में मंथन जारी
आपको बता दें कि शिवराज सिंह चौहान के सांसद बनकर केंद्र में जाने से बुधनी सीट खाली हुई है। जबकि विजयपुर में रामनिवास रावत के कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल होने की वजह से उपचुनाव हो रहे हैं। विजयपुर सीट पर मंत्री बनाए गए रामनिवास रावत को प्रत्याशी बनाया गया हैं। वहीं बुधनी सीट पर उम्मीदवार के नाम पर मंथन जारी है।